मुख्य समाचार

लूटी जा रही है जनता की कमाई
लूटी जा रही है जनता की कमाई
20-Aug-2019

क्या कोई है जो विरोध प्रदर्शन करे, धरना दे, टीवी पर डिबेट करें, नेता, मुल्ला, पत्रकार, सब कहां हैं जो हर बात पर टीवी पर दिखाई देते थे। आज पेट्रोल, डीजल की कीमतों में वृद्धि होने पर कोई आवाज नहीं। जबकि इस वृद्धि से हर सामान के दामों में वृद्धि होगी। उत्तर प्रदेश में मंगलवार से पेट्रोल की कीमत में 2.50 रुपये/लीटर और डीजल में 1 रुपये/लीटर की वृद्धि हो गई। प्रदेश सरकार ने पेट्रोल-डीजल पर वैट बढ़ा दिया है। कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद वाणिज्य कर विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिया है।

कैबिनेट के पास जनता की भलाई के लिए कोई काम नहीं है। कब तक जनता को लूटा जायेगा। रोजगार मिल नहीं रहा है कम्पनी कर्मचारियों की छंटनी कर रही है। बहुत सी कम्पनीज़ बंद होने की कगार पर हैं। ऊपर से पेट्रोल डीजल के दाम बढने से जनता मंहगाई की मार नहीं बर्दाश्त कर पायेगी। नया आदेश सोमवार रात 12 बजे से लागू हो गया है. अभी तक पेट्रोल पर 14.70 रुपये/लीटर और डीजल पर 7.68/प्रति लीटर की दर से वैट लगता था. लेकिन अब कीमतें तय करने के लिए नया फॉर्म्यूला बनाया गया है।  वाणिज्य कर अधिकारियों के अनुसार, वैट में कमी की वजह से अक्टूबर से लेकर अब तक सरकार को पेट्रोल-डीजल से मिलने वाले राजस्व में करीब 3,000 करोड़ रुपये की कमी आई है। राज्य सरकार को इस फैसले से राजस्व में 2500 करोड़ रुपये से ज्यादा की बढ़ोतरी की उम्मीद है। सरकार की कमाई का बड़ा हिस्सा वैट से आता है। यही वजह है कि पिछले साल कम किए वैट को फिर बढ़ाने का निर्णय लिया गया है।

सवाल यह भी है कि प्राप्त राजस्व से सरकार जनता के लिए कौन सा भलाई का काम कर रही है। भारत की जनता टैक्स के चक्रव्यूह में बुरी तरह फंसी हुई है। वन नेशन वन टैक्स प्रभावी नहीं हो रहा है । जनता इनकम टैक्स देने के बाद टैक्स फ्री रकम से खरीदी चीज़ पर फिर टैक्स दे। राज्य वैट के नाम पर अलग वसूले । यह सब दर्शाता है कि हमारा देश किस रास्ते पर जा रहा है अगर यही स्थिति रही तो 2022 तक पूरा देश बर्बाद हो जायेगा। 

देश बुरी स्थिति में है अर्थव्यवस्था चरमरा रही है। इलेक्ट्रिक गाड़ियों की सरकार बात कर रही मगर फिर एक सवाल सामने है जो सरकार शहर और गांव में चौबीस घंटे लाइट नहीं दे पा रही है वह चार्जिंग के लिए इलेक्ट्रिक स्टेशन पर लाइट कैसे दे पायेगी। वैसे भी यह वादों की सरकार है कर्म की नहीं। वह झूठे और चापलूस लोग किस बिल में घुस कर बैठे हैं जो यह दावा कर रहे थे कि मोदी के आने के बाद पेट्रोल डीजल तीस पैंतीस रुपए बिकेगा। बाबा रामदेव कहां हैं जिन्होंने रजत शर्मा के शो में कहा था कि वह प्रैक्टिकल बात करते हैं और इकोनामिक्स जानने का दावा किया था। बहरहाल इन चापलूस मंडली के कारण देश डूबता जा रहा है। सरकार को चाहिए कि इन सब बातों पर ध्यान दे। क्यूंकि सरकार जनता द्वारा जनता एवं देश की भलाई के लिए बनाई जाती है।

( प्रस्तुत लेख सैय्यद एम अली तक़वी के हैं यह लेखक के निजी विचार है )