राज्य स्तर पर स्थानांतरण की तिथि 23 अगस्त तक बढ़ी

राज्य स्तर पर स्थानांतरण की तिथि 23 अगस्त तक बढ़ी

14-Aug-2019

रायपुर : छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा 27 जून 2019 को जारी स्थानांतरण नीति, वर्ष 2019 की अवधि में बढ़ोत्तरी कर दी गई है। राज्य स्तर पर स्थानांतरण की अवधि 15 जुलाई 2019 से 14 अगस्त 2019 तक निर्धारित की गई थी। जिसे बढ़ाकर अब 15 जुलाई से 23 अगस्त 2019 तक कर दिया गया है। इसी तरह स्थानांतरण के क्रियान्वयन की स्थिति को वेबसाइट में अपलोड करने की तिथि 31 अगस्त से बढ़ाकर 7 सितम्बर 2019 कर दिया गया है। राज्य सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा आज आदेश जारी कर दिया गया है। स्थानांतरण नीति की शेेष शर्तें यथावत रहेंगी।


मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने नवा रायपुर अटल नगर में मुख्यमंत्री निवास, विधायक विश्राम गृह और अधिकारियों के आवास के लिए प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण किया

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने नवा रायपुर अटल नगर में मुख्यमंत्री निवास, विधायक विश्राम गृह और अधिकारियों के आवास के लिए प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण किया

13-Aug-2019

नवा रायपुर : मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज नवा रायपुर अटल नगर के सेक्टर 24 में मुख्यमंत्री निवास, विधायक विश्राम गृह और अधिकारियों के आवास के लिए प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण किया। आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री मोहम्मद अकबर, गृह मंत्री श्री ताम्रध्वज साहू, कृषि एवं जल संसाधन मंत्री श्री रविन्द्र चौबे और राजस्व मंत्री श्री जय सिंह अग्रवाल इस अवसर पर उपस्थित थे। मुख्यमंत्री ने प्रस्तावित निर्माण कार्याें के बारे में अधिकारियों से स्थल पर जानकारी प्राप्त की और उन्हें आवश्यक निर्देश दिए।   


सुकमा : अपने दो बच्चियों को जहर पिलाकर महिला ने भी पी लिया जहर, 2 लोगों की मौत

सुकमा : अपने दो बच्चियों को जहर पिलाकर महिला ने भी पी लिया जहर, 2 लोगों की मौत

12-Aug-2019

सुकमा : बीती रात जिले के विकासखण्ड छिंदगढ़ के ग्राम पंचायत पालम में निवासरत एक महिला ने अपने दो बच्चो को जहर पिलाकर खुद भी जहर का सेवन कर लिया इस घटना में महिला हूंगी और उसकी  6 माह की पुत्री सुनीता की मौत हो गई वही दूसरी बच्ची संजना (4 वर्ष) बच गई लेकिन डॉक्टर बच्ची की हालत को नाजुक बता रहे हैं बताया जा रहा है कि जहर पीने के बाद लगभग आज 5 बजे उसकी मृत्यु घटना के समय महिला का पति अपने ससुराल गया हुआ था कहा जा रहा है कि मृतका हूंगी कुछ दिनों से अजीब सी हरकतें कर रही थी, जिसके कारण हूंगा ग्राम लखापाल जो कि उसका ससुराल है, वहां सिरहा गुनिया करवाने गया हुआ था। जब वह आज सुबह 5 बजे अपने घर लौटा तब उसे इस घटना की जानकारी हुई. 

 


मोर गोठ-बात सुनैया जम्मो सियान अउ संगवारी मन ल, दीदी-बहिनी अउ नोनी-बाबू मन ल जय जोहार। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल

मोर गोठ-बात सुनैया जम्मो सियान अउ संगवारी मन ल, दीदी-बहिनी अउ नोनी-बाबू मन ल जय जोहार। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल

11-Aug-2019

एंकर
-    सभी श्रोताओं को नमस्कार, जय जोहार।
-    आज हमारे साथ स्टूडियो में मौजूद हैं, छत्तीसगढ़ के माननीय मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल जी। वे आज से छत्तीसगढ़ की जनता के साथ बातचीत की एक नई शुरूआत कर रहे हैं। मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘लोकवाणी’ के माध्यम से वे छत्तीसगढ़ की जनता के सवालों के जवाब भी देंगे और अपने विचार भी रखेंगे।
-    हम आकाशवाणी की ओर से माननीय मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल जी का हार्दिक अभिनंदन करते हैं।
माननीय मुख्यमंत्री जी का जवाब
-    जय जोहार। सबले पहिली, मैं जम्मो रेडियो सुनइया भाई-बहिनी मन के सब स्वागत करत हंव। आम जनता, खेत-खार म काम-बुता करत किसान भाई-बहिनी मन, घर में अपन काम-बुता करत रेडियो सुनैया हमर दीदी-बहिनी मन, अलग-अलग जगह म अपन सुविधा ले मोर गोठ-बात सुनैया जम्मो सियान अउ संगवारी मन ल, दीदी-बहिनी अउ नोनी-बाबू मन ल जय जोहार।

एंकर
-    माननीय मुख्यमंत्री जी, सबसे पहले जनता ये जरूर जानना चाहेगी कि ‘लोकवाणी’ का विचार आपके मन में कैसे आया ?
माननीय मुख्यमंत्री जी का जवाब
-    अब तो संचार के नवा-नवा माध्यम आ गे हे, लेकिन अभी भी रेडियो एक अइसे माध्यम हे, जेखर पहुंच अभी भी आमजनता तक म हे। ते पाय के मोला लागिस के रेडियो ल हमर बातचीत के माध्यम बनाना ठीक रइही।
-    मोला याद हे, 12 नवम्बर 1947 के दिन जब महात्मा गांधी देश ल कुरूक्षेत्र-हरियाणा में सम्बोधित करिस अउ रेडियो के माध्यम से जनता के बीच म अपन बात ल कहिस।
-    तब बापू कहे रहिसे के ‘मैं रेडियो ल ईश्वरीय चमत्कार मानथंव, यदि इहि बात ल कोनो सभा म जाके कहितेव तव कम आदमी सुन पातिस, लेकिन रेडियो के माध्यम से बहुत अकन आदमी कर अपन बात ल पहुंचाय जा सकथे। एकर सेति रेडियो आज भी सर्वश्रेष्ठ माध्यम हे।
-    हमर छत्तीसगढ़ के दूर-दराज म बसे गांव में, आदिवासी अंचल म जेमा बहुत ही बिरला आबादी हे, दूर-दूर तक के बसे हे। मैं चाहथंव वो सब मन के भावना से अवगत हो सकंव। आप मन के बात ल सुनव, अउ आप मन के जवाब दव। एकरे सेति हमन अब हर महीना लोकवाणी के माध्यम से आप मन के सामने रूबरू होबो।

एंकर
-    माननीय मुख्यमंत्री जी, राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के साथ रेडियो से जुड़ी बहुत अच्छी बात याद की आपने। इससे रेडियो बिरादरी का गौरव भी बढ़ा है।
-    अब आज के मुख्य विषय पर आते हैं। हमने छत्तीसगढ़ में ‘कृषि तथा ग्रामीण विकास’ विषय पर जनता की भावनाएं आमंत्रित की थी। हमें बहुत उत्साहजनक प्रतिक्रिया मिली है।
-    2500 रू. क्विंटल में धान खरीदी/तेन्दूपत्ता संग्र्रहण पारिश्रमिक 4000 रू. प्रति मानक बोरा, हरेली, तीजा, विश्व आदिवासी दिवस, भक्त माता कर्मा जयंती और छठ पूजा पर सार्वजनिक अवकाश की घोषणा। ऐसे अनेक ऐतिहासिक फैसलों के लिए बहुत से भाई-बहनों ने बधाई संदेश भेजे हैं।
-    जिसमें शामिल हैं-लोहारा से गिरीश साहू, परपोड़ी से बुधवा, बेलसरी से दुर्गा प्रसाद पाण्डे, मरवाही से श्याम लाल, झीट-पाटन से भुवन लाल सिन्हा, पिपरिया-कबीरधाम से कमलकांत गुप्ता, पामगढ़ से चन्द्रशेखर खरे और भी अनेक श्रोता, तो आइये पहले इन संदेशों को सुन लेते हैं।
-     जी मैं चन्द्रशेखर खरे बोल रहा हूं, पामगढ़-जांजगीर से। भूपेश सरकार ने जो नरवा, गरवा, घुरवा, बाड़ी जो योजना चलाई है, उसके लिए मैं बधाई देता हूं सरकार को।
-    गंगाराम साहू पोस्ट पिपरिया जिला-कबीरधाम। लोकवाणी के लिए महोदय जी ने जो शुरूआत की है, इसके लिए बहुत बहुत बधाई हो और बहुत-बहुत शुभकामनाएं।
-     बुधवा परपोड़ी से ये बड़ा अच्छा कार्यक्रम निकाले है जनसाधारण के लिए। और धन्यवाद के पात्र है माननीय मुख्यमंत्री जी कि हरियाली त्यौहार को मनाया गया है।
-     दुर्गा प्रसाद पाण्डे बोल रहा हू, ग्राम बेलसरी, तखतपुर से। सर्वप्रथम तो अपने एकदम ठेठ छत्तीसगढ़ी सरकार बनने के लिए बधाई है। मेरी ओर से मुख्यमंत्री महोदय को।
माननीय मुख्यमंत्री जी का जवाब
-    बधाई और शुभकामना संदेशों के लिए आप सभी को बहुत-बहुत धन्यवाद। निश्चित तौर पर इससे हम सबका उत्साह बढ़ा है।
-    आपकी प्रतिक्रिया जानकर हमें यह संतोष मिला है कि सरकार सही दिशा में काम कर रही है।
एंकर
-    माननीय मुख्यमंत्री जी, धान के दाम को लेकर एक ओर लोगों में खुशी है तो दूसरी ओर यह संदेह है कि आगे उन्हंे यह दाम मिलेगा कि नहीं। आइये लेते हैं एक सवाल, जो सिर्फ लोहारा के गिरीश साहू का ही नहीं बल्कि पूरी किसान बिरादरी का है।
-     मैं ग्राम लोहारा से गिरीश कुमार साहू बालोद जिला से बोलत हव। हमारे छत्तीसगढ़ में 2500 रूपये में जो धान लिया है, उसी तरह आगे भी लेगा की नई लेगा ?
माननीय मुख्यमंत्री जी का जवाब
-    गिरीश भाई और सभी किसान साथियों। आपके खाते में 2500 रूपए क्ंिवटल की दर से धान का पैसा आ गया है, यह तो आप मानते हैं ना।
-    अब छत्तीसगढ़ में हमारी सरकार है, इसलिए आपको न संदेह करने की जरूरत है और न ही किसी प्रकार की चिंता करने की।
-    अब हर साल आपका धान हम 2500 रू. क्ंिवटल में ही खरीदेंगे। इस फैसले से अब कोई ताकत हमें पीछे नहीं हटा सकती।
-    मुझे लगता है कि पिछले महीने केन्द्र सरकार ने धान का समर्थन मूल्य सिर्फ 65 रू. बढ़ाने की घोषणा की थी, उसके कारण आपके मन में भ्रम हुआ होगा। लेकिन आप ध्यान दीजिएगा कि हमने साफ घोषणा की थी कि आप लोग अपना धान रोक कर नहीं रखें। केन्द्र सरकार से चाहे जो दर मिले, हम अपने वायदे पर कायम रहेंगे। 2500 रूपए क्विंटल में धान खरीदा था और खरीदेंगे यह मेरा आप सबसे वादा है।
एंकर
-    माननीय मुख्यमंत्री जी, श्रोताओं के सवालों से स्पष्ट है कि प्रदेश में ‘नरवा, गरवा, घुरवा, बाड़ी’ योजना को लेकर जबरदस्त उत्साह है। सर्वाधिक विचार तो इसी को लेकर सामने आए हैं। लोग जानना चाहते हैं कि इस विषय पर आपकी पूरी सोच क्या है? ‘सुराजी गांव योजना’ कितने दिनों में शबाब पर आ जाएगी? इससे ग्रामीण और किसान जनता को किस-किस तरह से लाभ मिलंेगे? अंततः ग्रामीण अर्थव्यवस्था और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को इससे कैसे मजबूती मिलेगी?
-    भाई लक्ष्मी यादव, कमलकांत गुप्ता, गोपाल प्रजापति, भुवन लाल सिन्हा, चंद्रकांत, भावेश यादव, गजानंद साहू, होरी लाल, सुखलाल भारती, मदन सेन, राम राजपूत, विशेषर सिंह और मालिक राम इनके साथ-साथ बहुत से साथी जानना चाहते हैं कि इस विषय पर आपकी पूरी सोच क्या हैं? माननीय मुख्यमंत्री जी, सभी की आवाजें सुनने में काफी समय लगेगा इसलिए आइये लक्ष्मी जी, गुलशन की आवाज में सुन लेते हैं, इससे संबंधित सवाल और आप कृपया सभी जवाब एक साथ दे दीजिएगा।
-    मेरा नाम लक्ष्मी कुमार यादव है। मैं खैरागढ़ जिला-राजनांदगांव से बोल रहा हूं। सर अभी तो अब इतने सारे बाड़ी-वाड़ी तो रह नहीं गये हैं, घुरवा भी नहीं रह गये हैं तो इसका क्या उपयोग होगा।
-    गुलशन कुमार तहसील मोहला, जिला-राजनांदगांव मेरा प्रश्न है कि छत्तीसगढ़ गांव में बसता हैं, तो हम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को कैसे बनाएंगे। नई सरकार से हम क्या उम्मीद कर सकते हैं ग्रामीण अर्थव्यवस्था के बारे में? कैसे विकास कर सकते हैं गांव की।
माननीय मुख्यमंत्री जी का जवाब
-        सवाल पूछने के लिए आप सबको बहुत-बहुत धन्यवाद।
‘छत्तीसगढ़ के चार चिन्हारी
नरवा, गरवा, घुरवा, बारी
येला बचाना हे संगवारी’
-        मुझे खुशी है कि यह नारा न सिर्फ गांव-गांव, घर-घर में पहुंच गया है बल्कि उससे भी आगे मैं यह कहना चाहता हूँ कि छत्तीसगढ़ के जनजीवन में यह नारा उसी तरह से घुल-मिल गया है, जैसे शक्कर और पानी मिलकर शरबत बनता है।
-    वास्तव में छत्तीसगढ़ के चार चिन्हारी सदियों से हमारे मन के भीतर है। हमारी नस-नस में समायी हुई है। हमारी संस्कृति में रची-बसी है।
-    फर्क सिर्फ इतना आया है कि छत्तीसगढ़ राज्य गठन के बाद और खासकर विगत 15 वर्षों में हम अपने पुरखों के रास्ते से भटक गए थे। जिसे दिल सही कहता था, उसे हम कर नहीं पाते थे और हमारे किसान भाइयों को जमाने की हवा के नाम पर बहाया जा रहा था।
-    आपकी सरकार ने आते ही यह फैसला कर लिया कि अपने ‘चार चिन्हारी-नरवा, गरवा, घुरवा, बाड़ी’ को फिर से अपनी खोई हुई शक्ति, शान और मान वापस दिलाना है, तो उसमें आप जैसे जागरूक लोग जुड़ गए हैं और कारवां बनता चला गया।
-    जहॉ तक कि अर्थव्यवस्था का सवाल है तो यह बात बहुत साफ है कि जब हम छत्तीसगढ़ की समृद्धि और खुशहाली की कल्पना करते हैं तो हमारे ध्यान में खेत, किसान और गांव में रहने वाली जनता आती है। उनके रहन-सहन और बारहमासी रोजगार की तस्वीरें आती हैं कि असली छत्तीसगढ़ आज किस हालत में है और उसे किस हालत में होना चाहिए था।
-    आपको 17 दिसम्बर 2018 के पहले की परिस्थितियां याद होंगी। उस समय जब हम गांव-गांव का दौरा करते थे, तब हम देखते थे कि किस तरह किसान गांवों में आर्थिक संकट से जूझ रहा था, कुशासन था, बदहाली थी। किसान कैसे भटक रहे थे। धान का सही दाम पाने के लिए कैसे संघर्ष कर रहे थे। लाखों किसान कर्जदार और डिफाल्टर होने के कारण नए सिरे से खेती-किसानी नहीं कर पा रहे थे।
-    आप सबको इस बात का अनुभव है कि जब खेती थम जाती है तो कैसे राज्य का विकास थम जाता है। अच्छी खेती, अच्छी पैदावार हो किसानों को उसकी उपज का अच्छा दाम मिलता है, तब वह पैसा गांव से लेकर शहर तक के बाजारों में आता है।
-    इसलिए मैं कहता हूं, जब खेती चलती है तो कारखाने के पहिए भी चलते हैं। हमारी पूरी अर्थव्यवस्था की ताकत यदि किसी एक चीज से बढ़ेगी तो, वह खेती-किसानी है।
-    इसलिए हमने किसानों और उनके माध्यम से गांवों को समृद्ध बनाने की रणनीति अपनाई है।
-    और इसलिए आते ही हमने 2500 रू. क्ंिवटल में धान खरीदी, कर्ज माफी, सिंचाई कर माफी और आखिर में वन टाइम सेटलमेंट का निर्णय लिया, ताकि जितनी जल्दी हो सके किसानों को अपना खोया हुआ मान-सम्मान वापस मिल सके।
-    हमने खूब विचार-विमर्श किया। किसानों से, गांव वालों से, सबसे मिलकर यह तय किया कि खेती-किसानी और गांवों के हालात बदलने के लिए एक-दो उपाय से काम नहीं चलेगा। लम्बे समय तक चलने वाले कार्यक्रम बनाने पड़ेंगे ताकि खेती की जमीन में भी सुधार हो, गांव में पशुधन के रास्ते से आने वाली आय बढ़े, फूड प्रोसेसिंग इकाइयां लगे, गांव की उपज का गांवों में वेल्यू एडीशन हो। सिंचाई और निस्तार के लिए पानी की स्थाई व्यवस्था हो, जो कभी धोखा न दे। इन सबके चलते ‘नरवा, गरवा, घुरवा, बारी’ को संस्थागत रूप से विकसित करने का निर्णय लिया गया है।
एंकर
-    माननीय मुख्यमंत्री जी ‘नरवा, गरवा, घुरवा, बारी’ ऐ योजना आखिर हे का।

माननीय मुख्यमंत्री जी का जवाब
-        हमन गांव-गांव किसान मन से, मजदूर मन से, संगवारी मन से, दीदी बहनी मन से भेट मुलाकात करत रेहेन। अउ गांव के समस्या चाहे चाहे शहर के समस्या ऐला बहुत नजदीक से हमन देखे हन। एक बात दिमाग म आईस सब साथी मन से चर्चा करेन, इही बात आइस छत्तीसगढ़ के चार चिन्हारी नरवा, गरवा, घुरवा, बाड़ी, येला बचाना हे संगवारी।
-    नरवा, हमर छत्तीसगढ़ म 20 हजार नरवा हे, 285 ठक नदिया हे, 85 नदी ऐसे हे जे ह बारो महिना पानी बोहाथे। ओखर बाद भी हमर सिंचिंत रकबा हे तेन केवल 31 प्रतिशत हे। हमन हा बरसत पानी ल सहेज नई पात हन। आज सबसे ज्यादा जेन समस्या हे एक समय रीहिस हे जब हमन ह तरिया के नरवा के अउ झिरिया के पानी ला पियत रेहेन। बाद म ट्यूबवेल आगे, अब कोनो तरिया के पानी ल पी नई सकय। कुआं के पानी आज कोनो उपयोग नई करत हे। बहुत कम होवत हे। जतका पानी हे तेन नलकुप से ट्यूबवेल से पानी पियत हन। लगातार जेन भूमिगत जल हे तेखर दोहन हमन करत हन। उलीचे के काम करत हन, भरे के काम ल एको कनिक नई करत हन। अउ ओखर से आज समस्या सबसे ज्यादा होथे पेयजल के निस्तार के अउ आगे बढ़बो त सिंचाई के। पानी नई गिरय, नरवा म धार नई बोहाय, त हमर ट्यूबवेल मा रिचार्ज नई होय येला किसान मन समझत हे। जहां पानी गिरिश नरवा बोहाईस तब सब हमर ट्यूबवेल रिचार्ज हो जाही। ये बात ल गांव के जेन अनपढ़ किसान हे तेनो ये बात ल समझथे। आज विज्ञान बहुत आगे बढ़ गेहे। हम सेटेलाईट से भी फोटो खींच सकत हन। जमीन के उपर भी, जमीन के अउ जमीन के नीचे भी हमर छत्तीसगढ़ सरकार के ऐखर व्यवस्था हे, के पूरा छत्तीसगढ़ के एक-एक इंच जमीन के नीचे कतेकन का चीज हे तेखरो जानकारी हे, पुर्नभरण कर सकन तेखर जानकारी हे ओखर आधार म हमन ह पूरा 1000 नरवा के हमर योजना बना चुके हन। अउ ओखर आधार म हमन ल आगे तेजी से हमन ल काम करना हे। ताकि वाटर रिचार्जिंग हो। हमन ल जेन छोटे-बड़े स्ट्रक्चर हमन खड़ा करबो जमीन के डुबान नई आना चाहिए। ये व्यवस्था ल भी देखबो। काबर हमर इहा 44 प्रतिशत जंगल हे त हमन ल कोई पर्यावरण के या वन अधिनियम के उल्लघंन भी नई करना हे हमन ल। अउ ओ स्ट्रक्चर खड़ा करबो छोटे-बड़े स्ट्रक्चर खड़ा करबो ताकि हमर सतही जल रहै, जमीन मे भी नमी रहै, अउ भूमिगत जल भी पुर्नभरण हो सकय। ओखर से फायदा ये रहही पर्यावरण म सुधार होही। तो ये वाटर रिचार्जिंग करबो। ओखर से बारो महिना किसान ल पानी मिलही। उद्योग ल पानी मिलही। निस्तार अउ पेयजल बर पानी मिलही, ये हमर नरवा योजना।
-    गरवा जेन योजना हे तेन हा एक समय रिहीस जब ऐ पशुधन ह हमर किसान के, मजदूर के, गांव के, गरीब क,े शहर के, रहैया मन के आर्थिक आय के श्रोत रिहीस हे। आज ओ हमर कमजोरी बन गे हे। गाय हा गरू होगे हे। कोनो अपन घर में गरूवा नई रखना चाहय। बड़े-बड़े जेन किसान हे, तेखर गोर्रा मन में अब मुसवा मन कबड्डी खेलत हे। कोनो गरवा रखना नई चाहत हे। स्थिति ये हे के हमर छत्तीसगढ़ म धान बोवत रेहेन, धान के बाद उतेरा लेत रेहेन, उतेरा ल तो भूला गे किसान ह। अब ऐके फसल बचा पाना मुश्किल हे। किसान फसल बचाय बर परेशान हे। सड़क म गरवा मन बैठ जथे। ओखर से आए दिन एक्सीडेंट होवत हे। कतको झन के जान चल देथे। कतको झन के हाथ-पाव टूटत हे, मवेशी मरथे तेन अलग, गाड़ी टुटथ फूटथ हे तेन अलग। आर्थिक नुकसान होथे, जान-माल के नुकसान होथे। कैसे ढंग से ये योजना लाभकारी होय। गोशाला बहुत झन चलात हे लेकिन होत का हे। गरवा बर चारा नई मिलत हे। लेकिन गोशाला चलईया मन मोटावत जात हे, सरकार से अनुदान मांगत हे। लेकिन अब ये जेन योजना हमन बनाए हन गांव-गांव म हमर गौठान के परम्परा रहीस हे। ये परम्परा ल हमन पुर्नजीवित करत हन अउ पुर्ननियोजन करत हन। सरकार ह घेरा बनाए के काम ल करही। मनरेगा के तहत हमन घेरा बनात हन। जेमा लगभग 2000 गांव ल हमन चिंहिंत करे हन ओमा काम चलत हे। 900 से उपर जेन गौठान हे तेन ल लोकार्पण कर देहन। अब ऐमा काम ऐ हे कि 5 एकड़ जमीन ल घेर दे, तब गांव के 1000 एकड़ ल घेरे के जरूरत नई हे। आज जेखर घर ट्यूबवेल हे तेन मन सबसे पहली का करथे। घेरा करथे खेत ला। कृषि लागत बाढ़ गे। यदि पांचे एकड़ ल घेर दन अउ गरवा ल उहा बैठार दन त ओ मन ला जतका भी दूसरा फसल लेना हे या बरसाती फसल भी लेना हे। त ओखर चिंता किसान ल नई करे बर लगए ओ मुक्त हो जाही। हमर खेती बच गे। एक फसल भी ले सकत हन दू फसल भी ले सकत हन अउ तीन फसल भी ले सकत हन। लेकिन जब गरवा ल हमन गौठान मे बैठारबो त ओखर बर पानी के व्यवस्था सरकार करत हे ओखर चारा बर 10 एकड़ चिन्हित करे रेहेन त बारहो महिना गरवा ल हरियर चारा मिलय। येखर बर ओ जेन व्यवस्था हे तेन अपन आप से आर्थिक रूप से संपन्न हे।
-    हमन जेन सोचथन गोबर से पैसा निकालबो। गोबर से कम्पोस्ट खाद बना। गोबर से वर्मी खाद बना। जेन गोबर ल हमन ट्रॉली म खरीदत रेहेन। आज ओ किलो म बेचावत हे। 7 रूपया 8 रूपया किलो म वर्मी खाद बिकत हे। हमन गौठान समिति बनाबो, जेमा गांव के सरपंच हे सचिव हे, गांव के जेन बुद्धिजीवी मन हे अउ जेन स्वसहायता समूह हे सब ल जोड़बो। ताकि उहा न केवल वर्मी खाद अउ कम्पोस्ट खाद बल्कि अब तो हमर जेन बहनी मन हे ते मन तो ओखर सेे उबटन भी बनाथे, ओखर ले धूप भी बनाथ,े अउ ओखर से पैसा कमात हे। गौमूत्र से फिनायल भी बनाथ हे। अउ दूसर प्रकार के दवाई बनात हे। तो हमर ऐखर से फायदा ये होही कि कृषि लागत कम होही। जैविक खेती तरफ बढ़बो, आज जेन फसल के कारण से जेन बिमारी होथे चाहे ओ साग भाजी हो या चाहे अनाज हो। अतेक अकन हमन ह रसायनिक खाद अउ दवाई डालत हन जेखर कारण से फसल ह, जहरीला होवत जाथ हे। अनाज जहरीला होवत जात हे। सब्जी भाजी, फल मन जहरीला होवत जात हे। जेखर कारण अनेक प्रकार के बिमारी होथे। यदि ऐखर से बिमारी से बचना हे तो हमन ल ऐ दिशा में आगे बढ़ना है। अउ ओ दिशा में छत्तीसगढ़ सरकार ह मजबूत कदम उठाए हे। ओखर से का होही कि वर्मी खाद, कम्पोस्ट खाद जब हमर खेत म जाही त हमर खेत के उर्वरा शक्ति बडही बिमारी कमती लगही, बिमारी कमती होही त पेस्टीसाईड के उपयोग नई होए। कृषि लागत भी कम होही। जेन उपभोक्ता हे तेन ल शुद्ध चीज मिलही। ओखर से बिमारी भी कम होही। ये होगे हमर गरवा।
-    अउ घुरवा ले कम्पोस्ट खाद बनाबो, घर के भी कचरा ल उहे लेग जबो, त हमर गांव के स्वच्छता अभियान भी चलही। अब सवाल हे गरवा बर चारा। अब एक तरफ 10 एकड़ जमीन ल हमन चिन्हिंत करे हन। तेमा हरियर चारा मिलही। किसान मन अपन जेन पैरा ल धान लुये के बाद पैरा ल छोड़ देथे अउ माचिस मार के भुर्री बार देथे। पर्यावरण असंतुलित हो गेहे। सुप्रीम कोर्ट तक चिंतिंत हे। के दिल्ली ल गैस के चेम्बर बना देहे। आज छत्तीसगढ़ सरकार ह ओ दिशा म काम करत हे। किसान मन ल कहत हन कि जेन जब गरवा ह तुहर हे त पैरा ल तुही मन दव। जब तुही मन बर पम्प लगाये हन। उही म सोलर पंप भी लगाय हन। पंप से चेप कटर चालू करबो। ताकि कुट्टी काट सकन। पर्यावरण सुधान भी होगे। पैरा ल इकठ्ठा भी कर देन। मवेशी ल चारा मिल गे। नस्ल सुधार होही। त गांव म दूध-दही के नदिया बोहाही। त गांव ल सपन्न करना हे। ये पूरा एक साईकिल हे। अउ येला पूरा हमन करबो। ये सरकार के भरोसा नई, सरकार त शुरू करके देदीही। बचत गांव वाला मन ल चलाना हे। गांव वाला मन येमा सहर्ष स्वीकार भी करत हे। अउ सब जिहा-जिहा जाथव सब किसान मन हमर गांव म गौठान कब शुरू होगी, ऐसे योजना जेन ल हर किसान चाहत हे। हर ग्रामीण चाहत हे के हमरो गांव म होय अउ गांव वाला बस नहीं शहर वाला मन भी कहत हे के भई ये गौठान योजना ल हमर शहर म काबर लागू नई करत हस। त उहो घलो शुरूआत करे हन। खुले म मवेशी जेन चरत हे। आज नगर निगम म वर्मी खाद या दवाई बर हार्टीकल्चर बर सब खर्चा करत हे। त इही जेन गौठान हे तेन शहर म बनही। तेने गौठान में वर्मी खाद बनही तेन ल खरीद लैय। ताकि ओ जो काम करैया हे गौठान म काम करत हे तेन मन ल रोजी भी मिल जाए। दूसरा हमर जेन हार्टीकल्चर हे तेन, गांव के साथ-साथ शहर भी बिल्कुल हरा-भरा होना चाहिए। त ये हा होंगे छत्तीसगढ़ के चार चिन्हारी-नरवा, गरवा, घुरवा, बाड़ी।
एंकर
-    माननीय मुख्यमंत्री जी, बहुत से किसान भाइयों ने इस साल खेती-बाड़ी के हाल को लेकर सवाल पूछे हैं। राज्य सरकार ने क्या तैयारी की है, जिससे किसानों को कोई तकलीफ न हो?
माननीय मुख्यमंत्री जी का जवाब
-    प्रदेश में इन दिनों किसानी का सीजन चल रहा है। किसान भाई अपने बियासी, रोपाई में जुटे हैं। हमने अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश दिया है कि किसानों को समय पर खाद और बीज उपलब्ध कराएं। अधिकारी लगातार मॉनिटरिंग करते रहंे।
-    खरीफ सीजन में किसानों को सहकारी समिति और अन्य संस्थाओं के माध्यम से 8 लाख किं्वटल से अधिक बीज तथा 7 लाख मीट्रिक टन उर्वरक का वितरण किया जा चुका है।
-    जहां वर्षा पर्याप्त है, वहां खाद-बीज, दवा में कमी न होने पाए, इसके लिए न सिर्फ सही समय पर भण्डारण किया गया है, बल्कि राज्य एवं जिलास्तर पर उड़नदस्ता बनाकर निगरानी भी की जा रही है।
एंकर
-    माननीय मुख्यमंत्री जी, बिधियापुर-धमधा के श्री प्रदीप शर्मा, आमापाली-धरमजयगढ़ के किसान श्री दुनित राम वर्मा, बलौदाबाजार से श्री लाल सिंह कोसले और भी अनेक श्रोता इस वर्ष मानसून की असफलता को लेकर चिंता जता रहे हैं। राज्य में वर्षा की स्थिति क्या है और ऐसी स्थिति में किसान भाइयों को किस तरह से काम करना चाहिए। राज्य शासन की क्या सहायता मिल सकती है, कृपया इस संबंध में बताने का कष्ट करें।
माननीय मुख्यमंत्री जी का जवाब
-    मैं किसान भाइयों से यह अनुरोध करना चाहता हूं कि वे किसी भी परिस्थिति में अपने आपको कमजोर न समझंे और न ही हिम्मत हारंे।
-    वर्षा आज की तारीख में कृषि कार्य करने के लिए पर्याप्त हो चुका है। अल्प वर्षा या खण्ड वर्षा की स्थिति में किसानों के पास अनेक विकल्प होते हैं। कम समय और कम पानी में पकने वाली किस्मों से किसानों को होने वाली क्षति को कुछ हद तक रोका जा सकता है। हम सूखा प्रभावित क्षेत्रों में ऐसी फसलों के बीज उपलब्ध कराएं हैं।
-    ‘फसल बीमा योजना’ का लाभ किसानों को मिले, इसके लिए तैयारी की गई है। हमने लक्ष्य रखा है कि 15 अगस्त के पहले अच्छी तरह छान-बीन कर लिया जाए, ताकि कोई भी किसान न छूटे, सबके प्रीमियम सही समय पर चला जाए।
-    बीते अनुभव से सीख लेकर सावधानी बरतें। गड़बड़ी होने पर संबंधित अधिकारी जिम्मेदार होंगे।
बिजली व्यवस्था को लेकर सवाल
एंकर
-    माननीय मुख्यमंत्री जी, कहीं-कहीं बिजली प्रदाय में अवरोध की शिकायत मिली है। जबकि पिछले 6 माह में विद्युत विकास को लेकर जो काम हुए है उसकी तारीफ भी हो रही है। इस सम्बंध में आप क्या कहना चाहेंगे।
माननीय मुख्यमंत्री जी का जवाब
-    मैं बताना चाहता हूॅ कि छत्तीसगढ़ में विद्युत आपूर्ति की विश्वसनीयता देश में सर्वाधिक है ऐसा मैं नहीं कहता भारत सरकार के अंतर्गत कार्यरत संस्था सेंट्रल इलेक्ट्रिसिटी अथॉरिटी ने अपने रिपोर्ट में यह बात कही है।
-    खराब मौसम में होने वाली टूट-फूट के कारण आने वाले व्यवधान को दूर करने में जो समय लगता है उसे छोड़ दे तो मैं आपको आश्वस्त करता हूॅ कि प्रदेश में किसी तरह का बिजली संकट नहीं है। आपके लिए भरपूर बिजली उपलब्ध है और आपूर्ति की जा रही है।
-    मैं आपको बताना चाहूंगा कि बिजली प्रदाय में सुधार के लिए हमने बड़ा अभियान चलाया है। जिसके कारण सिर्फ 6 माह में अभूतपूर्व कार्य किए गए है।
-    316 नए उपकेन्द्र बनाने का काम तेजी से पूरा करने का निर्णय लिया गया था, जिसमें से 280 उपकेन्द्रों का काम विभिन्न योजनाओं के तहत पूरा हो चुका है। पुराने उपकेन्द्रों में 210 नए ट्रांसफार्मर लगाने तथा क्षमता बढ़ाने के काम किए गए हैं।
-    सरगुजा में छत्तीसगढ़ की बिजली पहुंचाने और गरियाबंद में कनेक्टिविटी की समस्या हल करने के ऐसे इंतजाम किए गए हैं, जिसका इंतजार बरसों से था।
-    हमारी सरकार ने किसानों को निःशुल्क बिजली देने की योजना जारी रखी है, जिसका लाभ 5 लाख किसानों को मिल रहा है। अनुसूचित जाति तथा अनुसूचित जनजाति के किसानों को तो पूरी खपत पर बिजली बिल से छूट दी गई है।
-        जिन स्थानों पर बिजली की पहुंच नहीं है, वहां सौर ऊर्जा से बिजली कनेक्शन दिए जा रहे हैं।
-    अब बिजली किसानों की सबसे भरोसेमंद साथी बनेगी। इस बारे में किसी को चिंता करने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
-    सभी श्रोताओं को बहुत-बहुत धन्यवाद कि आप लोगों ने अपना काफी समय देकर सवाल किए और मेरे जवाब तथा मेरे विचारों से अवगत होने का अवसर दिया।
-    नमस्कार, जय-जोहार, जय हिन्द, जय छत्तीसगढ़।
एंकर
-    श्रोताओं, मैं एक बार फिर यह बताना चाहता हूॅ कि लोकवाणी के लिए बहुत से सवाल मिले लेकिन समय सीमा में सभी सवालों को लेना संभव नहीं था इसलिए कुछ प्रतिनिधि सवालों के माध्यम से माननीय मुख्यमंत्री जी के विचार जानने का प्रयास किया गया। हमें लगता है कि मुख्यमंत्री जी ने काफी विस्तार से अपनी बात कही है जिससे लगभग हर सवाल का जवाब मिल गया है।
-    अब लोकवाणी का आगामी प्रसारण 08 सितम्बर 2019 को होगा। विषय होगा ’’युवा तथा शिक्षा’’ इस विषय पर हमारे श्रोता अपने विचार 28, 29 एवं 30 अगस्त के बीच रख सकेंगे। पहले की तरह ही आप फोन नम्बर 0771-2430501, 2430502, 2430503 पर दोपहर 3 से 4 बजे के बीच फोन करके अपने सवाल रिकार्ड करा सकते हैं और इसी के साथ आज का ये कार्यक्रम सम्पन्न होता है। नमस्कार!
 


बिलासपुर : पत्नी पर धारदार हथियार से हमला करने के बाद खुद लटक गया फांसी पर, पति की मौत, पत्नी गंभीर

बिलासपुर : पत्नी पर धारदार हथियार से हमला करने के बाद खुद लटक गया फांसी पर, पति की मौत, पत्नी गंभीर

10-Aug-2019

बिलासपुर : जिले के सिविल लाइन थाना क्षेत्र के दीनदयाल कॉलोनी में एक पति के द्वारा अपनी पत्नी को चाकू से मारकर घायल करने व खुद फांसी के फंदे से लटक कर आत्महत्या करने का मामला प्रकाश में आया है घटना आज शनिवार (10 अगस्त) की बताई जा रही है जहां मंगला इलाके के दीनदयाल कॉलोनी में रहने वाले अविनाश वस्त्रकार और पूजा वस्त्रकार के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ । जिसके बाद अविनाश ने अपनी पत्नी पर धारदार हथियार से हमला कर दिया, और खुद फांसी के फंदे पर झूल गया पूजा को गंभीर हालत में सिम्स में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है, वहीं अविनाश की मौत हो चुकी है। बताया जा रहा है कि दोनों ने 7 साल पहले प्रेम विवाह किया था दोनों के 5 और 3 साल के बच्चे हैं आसपास के लोगो से मिली जानकारी अनुसार दोनों के बीच अक्सर किसी न किसी बात को लेकर विवाद होते ही रहती थी घटना की सूचना पर सिविल लाइन पुलिस मामले की जांच कर रही है। 

husband attempt to murder wife and then hangs himself to death


रायपुर : मुख्यमंत्री ने किया आदिवासी समाज के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं का सम्मान

रायपुर : मुख्यमंत्री ने किया आदिवासी समाज के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं का सम्मान

09-Aug-2019

रायपुर : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज विश्व आदिवासी दिवस पर राजधानी रायपुर के इंडोर स्टेडियम में आयोजित समारोह में आदिवासी समाज के प्रतिभावान छात्र-छात्राओं का सम्मान किया। उन्होंने देश के विभिन्न आईआईटी, एनआईटी मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत 51 छात्रों को लैपटॉप प्रदान किया। सीएम बघेल ने समारोह में युवा कैरियर निर्माण योजनांतर्गत विभिन्न शासकीय सेवाओं में चयनित 10 प्रतिभागियों को स्मृति चिन्ह प्रदान कर उन्हें सम्मानित किया।

इस मौके पर गरियाबंद, कांकेर, जशपुर के सांस्कृतिक दलों ने मनमोहक प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में आदिवासी समाज के लोगों को अपनी सभ्यता-संस्कृति के संरक्षण के लिए संकल्प भी लिया। मुख्यमंत्री जब विद्यार्थियों को लैपटॉप और प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित कर रहे थे तभी एक छात्रा ने उनके साथ सेल्फी लेने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री ने छात्रा के हाथ से मोबाइल लेकर उनके साथ सेल्फी लेकर उत्साहवर्धन किया। 

 मुख्यमंत्री ने समारोह में एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय के राष्ट्रीय स्तर स्वर्ण, कास्य पदक 7 विजेता-प्रतिभागियों को सम्मानित किया। खेल के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। इसी प्रकार विभागीय योजनाओं से मेरिट में स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों, पी.एच.डी. के शोध विद्यार्थी, आदर्श अधीक्षक तथा अंत्यावसायी विभाग की योजनाओं में हितग्राहियों को सामग्री का वितरण किया गया। कार्यक्रम में आदिवासी विकास विभाग द्वारा विश्वविद्यालयों एवं संस्थाओं के प्रतिभागी छात्रों को सम्मानित कर पुरस्कृत किया गया। 

    समारोह की अध्यक्षता आदिम जाति, अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम ने की। इस अवसर पर नगरीय विकास मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया, उद्योग मंत्री कवासी लखमा, खाद्य मंत्री अमरजीत भगत, विधायक मोहन मरकाम और शिशुपाल सोरी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित थे।     

 
 
 

बेमेतरा : सुबह टहलने निकला था शिक्षक अज्ञात वाहन ने मारी टक्कर मौके पर ही मौत

बेमेतरा : सुबह टहलने निकला था शिक्षक अज्ञात वाहन ने मारी टक्कर मौके पर ही मौत

09-Aug-2019

बेमेतरा जिले के देवरबीजा केशडबरी मार्ग पर आज शुक्रवार (9 अगस्त) को एक एक्सीडेंट में एक शिक्षक की मौत हो गई मृतक की पहचान देवरबीजा निवासी शिक्षक पुरुषोत्तम पटेल के रूप में की गई जो खैरझिटिकला स्कूल में पदस्थ थे. बताया जा रहा है कि शिक्षक आज सुबह मॉर्निंग वॉक के लिए निकले थे. तभी किसी अज्ञात वाहन ने उसे टक्कर मार दी जिससे शिक्षक की मौके पर ही मौत हो गई लोगों ने पुलिस में इसकी सूचना दी जिसके बाद घटनास्थल पहुंची पुलिस ने शव को जब्त कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया पुलिस ने अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और आगे की कार्रवाई कर रही है ।


बेमेतरा : नहर में मिला युवक का शव, चेहरे को कुचलने का निशान, पुलिस जांच में जुटी

बेमेतरा : नहर में मिला युवक का शव, चेहरे को कुचलने का निशान, पुलिस जांच में जुटी

07-Aug-2019

बेमेतरा : जिले के ग्राम बेहरा की नहर में एक युवक का शव बरामद हुआ है मामले की जानकारी के अनुसार आज बेरला पुलिस को फोन पर सूचना मिली कि बायपास रोड पर बहेरा नहर में अज्ञात शव पड़ा हुआ है. मौके पर पहुंची पुलिस ने शव जब्त किया मीडिया में आई खबर के अनुसार शव के सिर के हिस्से को कुचलकर आरोपियों ने उसे फेंका था व चेहरे के कुछ हिस्से के मांस को जानवरों ने नोच लिया है जिससे युवक की पहचान नहीं हो पा रही है मृतक की उम्र 30-40 वर्ष आंका जा रहा है उसने नीला जींस पेंट, नीला चेक टी शर्ट पहने हुआ है. स्थिति को देखते हुए शव 30 घंटे से अधिक पुराना बताया जा रहा है. शव को पोस्टमार्टम के लिए मेकाहारा रायपुर रवाना किया गया है. बेमेतरा की बेरला पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले में जांच शुरू कर दी है.


कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी को जारी किया कारण बताओ नोटिस

कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी को जारी किया कारण बताओ नोटिस

07-Aug-2019

बालोद : कलेक्टर श्रीमती रानू साहू ने शिक्षा विभाग के जिला स्तरीय स्थानांतरण के आवेदनों को बिना परीक्षण किए शिक्षकों का स्थानांतरण किए जाने पर जिला शिक्षा अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी कर दो दिवस के भीतर जवाब प्रस्तुत करने कहा है। कलेक्टर द्वारा जारी नोटिस में कहा गया है कि जिला स्तरीय स्थानांतरण में सरल क्रमांक-34 श्रीमती टुकेश्वरी सिन्हा, सहायक शिक्षक पंचायत शासकीय प्राथमिक शाला मुड़गहन विकासखण्ड गुरूर का स्थानांतरण सहायक शिक्षक एल. बी. बताकर शासकीय प्राथमिक शाला झलमला विकासखण्ड बालोद किया गया है।

इसी प्रकार सरल क्रमांक-36 श्रीमती इन्दु साहू शिक्षक पंचायत शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय किसना विकासखण्ड डौण्डीलोहारा का स्थानांतरण शिक्षक एल.बी.बताकर शासकीय पूर्व माध्यमिक माध्यमिक शाला सकरौद विकासखण्ड गुण्डरदेही किया गया है। इससे यह प्रतीत होता है कि बगैर परीक्षण किए संबंधितों का स्थानांतरण किया गया है। जो सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के नियम 3 के विपरीत है। कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी से कहा है कि अपना जवाब पत्र प्राप्ति के दो दिवस के अंदर प्रस्तुत करें, अन्यथा एक पक्षीय कार्यवाही की जाएगी।


रायपुर : न्यूज वेबसाईटों से विज्ञापन हेतु 12 तारीख तक  ऑनलाईन लिए जायेंगे आवेदन

रायपुर : न्यूज वेबसाईटों से विज्ञापन हेतु 12 तारीख तक ऑनलाईन लिए जायेंगे आवेदन

06-Aug-2019

रायपुर : राज्य शासन के जनसम्पर्क विभाग ने नये विज्ञापन नियम लागू कर दिये हैं। छत्तीसगढ़ राजपत्र में विज्ञापन संबधी नियमावली 2019 की अधिसूचना के प्रकाशन के साथ ही ये प्रभावशील हो गये हैं। डिजीटल माध्यम की उपयोगिता को देखते हुए न्यूज वेबसाईटों के लिए भी मापदंड तय कर दिये गये हैं। न्यूज वेबसाईटों-न्यूज पोर्टलों से प्रति माह की 12 तारीख तक निर्धारित प्रपत्र में विज्ञापन के लिए ऑनलाईन आवेदन लिया जायेगा। ऑनलाईन आवेदन वेबसाईट cg.nic.in/dpr पर भरा जा सकता है। आनलाईन आवेदन करते समय कोई कठिनाई आने पर कार्यालयीन दिवस एवं समय में टेलीफोन नंबर 0771-2512575 पर सीनियर प्रोग्रामर से संपर्क कर सकते हैं।


पुलिस परिवार के छात्र-छात्राओं के लिए लागू होगी डी.जी.पी. मेरिट स्कॉलरशिप योजना

पुलिस परिवार के छात्र-छात्राओं के लिए लागू होगी डी.जी.पी. मेरिट स्कॉलरशिप योजना

05-Aug-2019

रायपुर : पुलिस महानिदेशक श्री डी.एम. अवस्थी की अध्यक्षता में आज छत्तीसगढ़ पुलिस केन्द्रीय कल्याण समिति एवं संयुक्त परामर्शदात्री समिति की बैठक पुलिस ट्रांजिस्ट मेस स्थित सभाकक्ष में आयोजित की गई। बैठक में पुलिस परिवार के मेधावी छात्रों के लिए डी.जी.पी. मेरिट स्कॉलरशीप प्रदान किये जाने की प्रस्ताव पारित किया गया। इसके अंतर्गत 10वीं बोर्ड परीक्षा में 85 प्रतिशत या इससे अधिक अंक प्राप्त करने वालो छात्र-छात्राओं को रूपये 1500/- से 2000/- तक प्रतिमाह कक्षा 12वीं में 80 प्रतिशत या इससे अधिक अंक प्राप्त करने पर स्नातक स्तर के शिक्षा अध्ययन के लिए रूपये 3000/- प्रतिमाह और स्नातकोत्तर शिक्षा प्राप्त करने हेतु भारत के किसी भी प्रतिष्ठित संस्थान में पढ़ाई करने पर रूपये 5000/- प्रतिमाह छात्रवृत्ति प्रदान करने का प्रस्ताव है।

राज्य के सभी पुलिस इकाइयों से आने वाले परामर्शदात्री समिति के सदस्यों को संबोधित करते हुए पुलिस महानिदेशक श्री अवस्थी ने कहा कि पुलिस परिवार का उत्थान और विकास कैसे हो? इस प्रकार के प्रस्तावों पर विचार किया जाना चाहिए। वर्तमान समय में पुलिस की नौकरी तभी सार्थक होगी जब पुलिस कर्मचारी-अधिकारियों के सेवानिवृत्त होने के पूर्व उनके बच्चे उच्च स्तर की शिक्षा प्राप्त कर ले। श्री अवस्थी ने कहा कि राज्य पुलिस के सभी अधिकारी-कर्मचारियों को समान रूप से पदोन्नति मिले इसके लिए अति. पुलिस महानिदेशक श्री अशोक जुनेजा की अध्यक्षता में एस.ओ.पी. तैयार करने हेतु समिति का गठन कर दिया गया है। जिससे सभी पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों को पदोन्नति के समान अवसर प्राप्त होंगे। 

    बैठक में पुलिस विभाग के मेधावी छात्रों के लिए उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए न्यूनतम ब्याज दर पर पुलिस कर्मचारियों को ऋण उपलब्ध कराने का प्रस्ताव पारित किया गया। संकट निधि में अधिकारी-कर्मचारी को पूर्ण सेवाकाल में डेढ़-डेढ़ लाख रूपये दो बार सहायता राशि प्राप्त कर सकेंगे। प्रत्येक जिला मुख्यालयों पर पुलिस ट्रांजिस्ट मेस तैयार किये जाने का प्रस्ताव पारित किया गया। 

बैठक में विभिन्न इकाइयों से प्राप्त प्रस्तावों पर बिन्दुवार चर्चा करते हुए वेतन भत्ता, आवास भत्ता, यात्रा भत्ता, चिकित्सा भत्ता जैसे प्रस्तावों पर शासन स्तर पर निर्णय लिये जाने हेतु पुलिस मुख्यालय से प्रस्ताव भेजने का निर्णय लिया गया। 

    कार्यक्रम में कल्याण समिति की पिछली बैठक में लिये गये निर्णयों पर भी चर्चा की गई। इस अवसर पर विशेष पुलिस महानिदेशक श्री संजय पिल्लै, श्री आर.के. विज, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक श्री पवन देव, श्री अशोक जुनेजा पुलिस महानिरीक्षक श्री दीपांशु काबरा, रायपुर रेंज के आई.जी. श्री आनंद छाबड़ा, उप पुलिस महानिरीक्षक श्री आर. एस. नायक, श्री एच.आर. मनहर, डॉ. संजीव शुक्ला, श्री पी. सुंदरराज सहित पुलिस मुख्यालय के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे। 


सच करेंगे सुविकसित, सुपोषित और स्वस्थ छत्तीसगढ़ का सपना - मुख्यमंत्री भूपेश बघेल

सच करेंगे सुविकसित, सुपोषित और स्वस्थ छत्तीसगढ़ का सपना - मुख्यमंत्री भूपेश बघेल

03-Aug-2019

रायपुर/ दिल्ली : छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने कहा कि उनकी सरकार छत्तीसगढ़ को कुपोषण के चक्र से मुक्त कराकर सुविकसित, सुपोषित और स्वस्थ राज्य बनाने का सपना सच करने के लिये कटिबद्ध है। सीएम बघेल आज नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आउटलुक पत्रिका द्वारा आयोजित कुपोषण संगोष्ठी के उद्घाटन सत्र को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने यह भी कहा कि कुपोषण के खिलाफ लड़ाई में स्त्री-पुरुषों के बीच की गैर बराबरी एक बड़ी बाधा है। पोषण आहार के मामले में इस गैरबराबरी को भी दूर करना होगा। संगोष्ठी में बस्तर के सांसद श्री दीपक बैज और राज्य सभा सदस्य श्रीमती छाया वर्मा भी उपस्थित थीं।

 मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें प्रसन्नता है कि जाति-धर्म जैसे समाज को बांटने वाले मुद्दों के बजाय हम सुपोषण पर चर्चा करने के लिये इकट्ठा हुए हैं। उन्होंने कहा कि आज हमें चांद से ज्यादा जरुरत अपनी धरती पर ही जीवन खोजने की है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ और देश में कुपोषण की स्थिति चिंताजनक है और हमने पिछले छह महीने में न्यूट्रीशन गैप को समाप्त करने के लिये कई कदम उठाये हैं ।

उन्होंने कहा कि हमारी महत्वाकांक्षी नरवा, गुरवा, घुरवा, बाड़ी योजना में बाड़ी अर्थात किचन गार्डन की बात इसीलिए की है ताकि लोगों को उनके घर में ही पौष्टिक भोजन मिले और कुपोषण को दूर करने का इंतजाम घर में ही हो सके।

हमने हरेली के परंपरागत त्यौहार को सार्वजनिक अवकाश देकर उसे स्थानीय व्यंजनों से जोड़ा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसान बाजार के अभाव में फल सब्जियों की खेती न छोड़ दें इसलिए हमने हर ब्लाक में फूड प्रोसेसिंग यूनिट लगाने की भी योजना बनाई है। उन्होंने कहा कि हम छत्तीसगढ़ में यूनिवर्सल स्वास्थ्य योजना लागू करने की दिशा में भी कार्य कर रहे हैं। किसानों को हमने कर्ज से मुक्त किया और उन्हें उपज का सही दाम भी दिया जिससे वे अपने परिवार के लिये पौष्टिक भोजन का भी इंतजाम कर सकें और उनकी आर्थिक सेहत भी सुधरे। हमने डीएमएफ को गैरजरूरी निर्माण के बजाय शिक्षा और सुपोषण से जोड़ा ।

मुख्यमंत्री ने बताया कि मिड डे मील में अंडा एक बड़ी जरूरत हैं, अंडे की पौष्टिकता निर्विवाद हैं, हमने इसे छत्तीसगढ़ में प्रारंभ किया और जनता का भरपूर साथ मिला। हमने उन बच्चों के लिये भी वैकल्पिक इंतजाम किये जो अंडा नहीं खाते हैं ।

    श्री बघेल ने कहा कि कुपोषण के खिलाफ लड़ाई के कई आयाम हैं, अगर गैरबराबरी चुनौती हैं तो गरीबी, पौष्टिकता के ज्ञान  और राजनीतिक इरादों का अभाव भी बड़ी चुनौती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में हम कुपोषण के खिलाफ लड़ाई को अगले चरण में ले जा रहे हैं। हमारा लक्ष्य है कि हम भूख पर विजय पाएं और सुपोषित छत्तीसगढ़ का निर्माण करें और मुझे पूरा विश्वास है कि हम अपना लक्ष्य हासिल करेंगे। विज्ञान भवन में आयोजित इस संगोष्ठी में पोषण के क्षेत्र में कार्य करने वाली अनेक अंतराष्ट्रीय और राष्ट्रीय संस्थाओं के विशेषज्ञ उपस्थित थे ।

 
 
 

धमतरी : छह राजस्व अधिकारियों का जिले के भीतर स्थानांतरण : कलेक्टर ने जारी किया आदेश

धमतरी : छह राजस्व अधिकारियों का जिले के भीतर स्थानांतरण : कलेक्टर ने जारी किया आदेश

03-Aug-2019

धमतरी : कलेक्टर श्री रजत बंसल ने विभिन्न कार्यालयों में पदस्थ छह राजस्व अधिकारियों को जिले के भीतर स्थानांतरण किया है। जारी आदेश में एक डिप्टी कलेक्टर को तहसीलदार का प्रभार दिया गया है, जबकि कुरूद तहसीलदार को धमतरी का प्रभार और धमतरी तहसीलदार को अधीक्षक भू-अभिलेख कार्यालय में पदस्थापना प्रदान की गई है। इसके अलावा तीन नायब तहसीलदारों की भी नवीन पदस्थापना की गई है।

आदेश के अनुसार जिला कार्यालय में पदस्थ डिप्टी कलेक्टर सुश्री अर्पिता पाठक (परिवीक्षाधीन) को नगरी तहसील का प्रभारी तहसीलदार नियुक्त किया गया है, जबकि कुरूद तहसील में पदस्थ तहसीलदार श्री संजय विश्वकर्मा को धमतरी तहसील के तहसीलदार की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसी तरह धमतरी तहसीलदार सुश्री रजनी भगत को अधीक्षक, भूअभिलेख कार्यालय में पदस्थ किया गया है। इसके अलावा भू-अभिलेख शाखा में सहायक अधीक्षक के तौर पर पदस्थ श्री नारायण लाल साहू को नायब तहसीलदार तहसील कार्यालय नगरी का कार्यभार सौंपा गया है। नगरी के नायब तहसीलदार श्री विवेक गोहिया को तहसील कार्यालय धमतरी तथा मगरलोड तहसील कार्यालय में पदस्थ नायब तहसीलदार श्री कुणाल सरवैया को नायब तहसीलदार उपतहसील भखारा में पदस्थ किया गया है।


धमतरी : पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में मारे गए 4 नक्सलियों के सम्बन्ध में 15 दिनों के भीतर साक्ष्य प्रस्तुत करने कहा गया

धमतरी : पुलिस-नक्सली मुठभेड़ में मारे गए 4 नक्सलियों के सम्बन्ध में 15 दिनों के भीतर साक्ष्य प्रस्तुत करने कहा गया

02-Aug-2019

धमतरी जिले के मध्य जंगल में पुलिस/नक्सली मुठभेड़ में चार नक्सली मृत हो गए, इनमें तीन महिला और एक पुरूष नक्सली का शव बरामद हुआ। उक्त चारों शव के मृत्यु की दण्डाधिकारी जांच के लिए अनुविभागीय दण्डाधिकारी नगरी श्री सुनील कुमार शर्मा को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है। उक्त घटना के संबंध में यदि कोई किसी भी प्रकार का दस्तावेज, लिखित अथवा मौखिक साक्ष्य प्रस्तुत करना चाहे, तो न्यायालयीन समयावधि में 15 दिनों के भीतर अनुविभागीय दण्डाधिकारी श्री सुनील शर्मा के समक्ष उपस्थित होकर प्रस्तुत कर सकते हैं। साफ तौर पर कहा गया है कि म्याद पश्चात् प्राप्त आवेदनों पर विचार नहीं किया जाएगा।      


रायपुर : हरेली पर मुख्यमंत्री ने अपेक्स बैंक की प्रथम मोबाईल ए.टी.एम. वैन किसानों को समर्पित की

रायपुर : हरेली पर मुख्यमंत्री ने अपेक्स बैंक की प्रथम मोबाईल ए.टी.एम. वैन किसानों को समर्पित की

01-Aug-2019

रायपुर : मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज हरेली के अवसर पर सवेरे यहां अपने निवास पर आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश के किसानों को छत्तीसगढ़ राज्य सहकारी बैंक (अपेक्स बैंक) की प्रथम मोबाईल ए.टी.एम. वैन समर्पित किया। मुख्यमंत्री ने मोबाईल ए.टी.एम वैन का उद्घाटन किया और झंडी दिखाकर मोबाईल वैन को रवाना किया। उन्होंने इस ए.टी.एम. के संचालन की प्रक्रिया का अवलोकन भी किया।

अपेक्स बैंक द्वारा विशेष रूप से रायगढ़ एवं जशपुर जिले के सुदूरवर्ती क्षेत्रों में इस मोबाईल ए.टी.एम. वैन का उपयोग किया जाएगा। यह वैन इन क्षेत्रों के हाट बाजारों और सोसायटी में पहुंचेगी और इसके माध्यम से मोबाईल ए.टी.एम. के द्वारा किसी भी बैंक के क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड धारकों द्वारा अपनी आवश्यकता के अनुरूप राशि निकाल सकेंगे।

इस मोबाईल वैन का लाभ बड़ी संख्या में ऐसे ग्रामीण और कृषक उठा सकेंगे जहां किसी भी बैंक का ए.टी.एम. उपलब्ध नहीं है। इस मोबाईल ए.टी.एम. के माध्यम से कोई भी उपभोक्ता वित्तीय एवं गैर वित्तीय ट्रांजेक्शन कर सकेंगे।

इस अवसर पर विधायक श्री सत्यनारायण शर्मा, पंजीयक सहकारी संस्थाएं श्री धनंजय देवांगन, रिजर्व बैंक की क्षेत्रीय प्रबंधक सुश्री शिवगामी, नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक श्री एम.सोरेन, अपेक्स बैंक के प्रबंध संचालक श्री एच.के.नागदेव, सहित अपेक्स बैंक के अधिकारी उपस्थित थे।

सहकारी बैकों में वर्तमान में बैकों की शाखा स्तर पर 70 ए.टी.एम. एवं 1333 माइक्रो ए.टी.एम. भी संचालित हैं, जिनके माध्यम से ग्रामीण क्षेत्र के किसान अपने खाते से राशि का आहरण कर लाभ प्राप्त कर रहे हैं। मोबाईल ए.टी.एम. वैन हेतु राष्ट्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) क्षेत्रीय कार्यालय रायपुर के द्वारा वित्तीय समावेशन निधि के अंतर्गत सहायता प्रदान की गई है।

 
 
 

सड़क पार कर रही 5 वर्षीय बच्ची को ट्रक ने मारी ठोकर, मौके पर बच्ची की मौत

सड़क पार कर रही 5 वर्षीय बच्ची को ट्रक ने मारी ठोकर, मौके पर बच्ची की मौत

01-Aug-2019

राजनांदगांव : जिले के तुमडीबोड चौकी क्षेत्र में सड़क हादसे में एक 5 वर्षीय बच्ची की मौत हो गई मिली जानकारी के अनुसार तुमडीबोड चौकी के ग्राम मचानपार में रहवासी 5 वर्षीय बच्ची सड़क पार कर रही थी उसी वक्त तेज रफ्तार में आ रही ट्रक ने बच्ची को अपने चपेट में ले लिया जिससे मौके पर ही बच्ची की मौत हो गई बताया जा रहा है कि इस हादसे के बाद लोगों ने ट्रक ड्राईवर को पकड़कर उसकी जमकर पिटाई भी की बहरहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है. 


जशपुर : नाला के पास अनियंत्रित होकर गिरी यात्री बस, 8 यात्री घायल

जशपुर : नाला के पास अनियंत्रित होकर गिरी यात्री बस, 8 यात्री घायल

31-Jul-2019

जशपुर : कसजोरा नाला के पास आज बुधवार (31 जुलाई) को एक यात्री बस अनियंत्रित होकर पलटी खा गई जिससे 8 यात्री घायल हो गए मिल रही जानकारी के मुताबिक यह हादसा आज सुबह करीब 7-7:30 बजे की है हादसा ग्रस्त बस तिरुपति बालाजी की है वह जशपुर से झारसुगड़ा(उड़ीसा) की ओर जा रही थी सभी घायलों को हलकी चोटें आई है उन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती किया गया है. 


अंबिकापुर : ट्रक और ट्रेलर में जोरदार टक्कर, दोनों ड्राईवरो की हालत गंभीर

अंबिकापुर : ट्रक और ट्रेलर में जोरदार टक्कर, दोनों ड्राईवरो की हालत गंभीर

30-Jul-2019

अंबिकापुर : आज मंगलवार (30 जुलाई) की सुबह अंबिकापुर-विश्रामपुर मुख्य मार्ग में पार्वतीपुर हनुमान मंदिर के पास एक ट्रक और ट्रेलर में जोरदार टक्कर हो गई दोनों ही गाड़ी के ड्राईवरो को गंभीर चोटे आई हैं। एक घायल को विश्रामपुर स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया है।  दूसरे ड्राईवर को मेडिकल कालेज अस्पताल अंबिकापुर में एडमिट किया गया है एक ड्राईवर की पहचान करमपुर निवासी सहेंद्र 40 वर्ष के रूप में की गई है वही दूसरे ड्राईवर के बारे में अधिक जानकारी अभी नहीं मिल पाई है घायलों की स्थिति गंभीर बनी हुई है। यह घटना आज सुबह करीब 5.30 बजे की बताई जा रही है. 


लोक सेवा केन्द्र में ली जा रही थी तय मूल्य से ज्यादा राशि, कलेक्टर ने चॉइस अनुबंध तत्काल प्रभाव से निरस्त किया

लोक सेवा केन्द्र में ली जा रही थी तय मूल्य से ज्यादा राशि, कलेक्टर ने चॉइस अनुबंध तत्काल प्रभाव से निरस्त किया

29-Jul-2019

धमतरी : कलेक्टर श्री रजत बंसल ने तहसील कार्यालय धमतरी में स्थित लोक सेवा केन्द्र के ऑपरेटर के विरूद्ध शिकायत प्राप्त होने तथा जांच में सही पाए जाने के कारण चॉइस अनुबंध तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है। जारी आदेश में कहा गया है कि उक्त लोक सेवा केन्द्र के ऑपरेटर श्री शुभम शर्मा द्वारा आधार पंजीयन के लिए आए लोगों से शुल्क के अलावा 10-10 रूपए की अतिरिक्त राशि फॉर्म भरने के नाम पर अनधिकृत तौर से वसूली किए जाने की शिकायत मिली थी।

कलेक्टर के निर्देश पर शिकायत की पुष्टि के लिए अनुविभागीय अधिकारी राजस्व धमतरी, नायब तहसीलदार एवं ई-गवर्नेंस जिला प्रबंधक द्वारा औचक निरीक्षण किया गया, जिसमें शिकायत सही पाई गई। लोक सेवा केन्द्र के ऑपरेटर के उक्त कृत्य को छत्तीसगढ़ नागरिक सेवा (इलेक्ट्रॉनिक अनुशासन) नियम-2003 एवं ई-शासन के संशोधित संस्करण जून-2012 की कण्डिका-8 के तहत दोषपूर्ण मानते हुए ऑपरेटर को लोक सेवा केन्द्र संचालन के लिए प्रदान की गई आई.डी. निरस्त कर दी गई, साथ ही चॉइस अनुबंध को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है।


राजनांदगांव : परीक्षा परिणाम खराब होने पर संबंधित शिक्षक पर होगी कार्रवाई, कलेक्टर ने दिए निर्देश

राजनांदगांव : परीक्षा परिणाम खराब होने पर संबंधित शिक्षक पर होगी कार्रवाई, कलेक्टर ने दिए निर्देश

27-Jul-2019

राजनांदगांव : कलेक्टर श्री जयप्रकाश मौर्य ने किसी भी विषय एवं कक्षा के परीक्षा परिणाम खराब होने पर संबंधित शिक्षक की जिम्मेदारी तय करते हुए उनके विरूद्ध कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। कलेक्टर श्री मौर्य देश के आकांक्षी जिले में शामिल राजनांदगांव में नीति आयोग द्वारा निर्धारित बिन्दुओं की प्रगति के संबंध में 26 जुलाई को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी को उक्ताशय के निर्देश दिए हैं। बैठक में श्री मौर्य ने जिले में नीति आयोग द्वारा निर्धारित बिन्दुओं की प्रगति हेतु विभिन्न विभागों द्वारा किए जा रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती तनुजा सलाम, अपर कलेक्टर श्री एसएन मोटवानी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।

    बैठक में श्री मौर्य ने नीति आयोग द्वारा निर्धारित मापदण्डों के अनुसार शिक्षा विभाग द्वारा किए जा रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने कहा कि शिक्षा गुणवत्ता में सुधार अत्यंत आवश्यक है। इसके लिए सभी शिक्षकों को समय पर विद्यालय में पहुंचकर संपूर्ण शाला अवधि में अपने दायित्वों का निष्ठा पूर्वक निर्वहन करना अत्यंत आवश्यक है। कलेक्टर ने बच्चों  के परीक्षा में अनुत्तीर्ण हो जाने पर संबंधित शिक्षक एवं अपने कार्य में लापरवाही बरतने वाले शिक्षकों के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई करने को कहा है।

उन्होंने इन शिक्षकों के विरूद्ध वेतन वृद्धि रोकने की कार्रवाई एवं अपने कर्तव्य में आद्तन लापरवाही बरतने वाले शिक्षकों के विरूद्ध बर्खास्तगी की कार्रवाई करने के निर्देश जिला शिक्षा अधिकारी को दिए। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी को शालाओं का नियमित निरीक्षण करने एवं गणित तथा अंग्रेजी विषय के शिक्षकों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने को कहा है। बैठक में श्री मौर्य ने स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की प्रगति की भी समीक्षा की।

इसके अंतर्गत उन्होंने गर्भवती महिलाओं का शत-प्रतिशत टीकाकरण, स्वास्थ्य परीक्षण एवं संस्थागत प्रसव सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए है। श्री मौर्य ने जिले में बच्चों के कुपोषण दूर करने हेतु किए जा रहे उपायों की जानकारी लेते हुए कुपोषित बच्चों को सामान्य श्रेणी में लाने हेतु योजना बनाकर कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने इन बच्चों को अतिरिक्त भोजन के अलावा पौष्ठिक आहार भी प्रदान करने के निर्देश महिला एवं बाल विकास विभाग तथा स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी को दिए। श्री मौर्य ने विद्युत विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए विभागीय अधिकारियों को पूरे समय मुस्तैद रहकर जिले में  निर्बाध रूप से विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने को कहा। बैठक में कलेक्टर ने संबंधित विभाग के अधिकारियों को जिले में नीति आयोग के निर्धारित बिन्दुओं की प्रगति सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।