रायपुर : कोरोना वायरस से बचाव के संबंध में मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल का प्रदेश की जनता के नाम संदेश: राज्य सरकार पूरी तरह मुस्तैद: जनता से सहयोग की अपेक्षा

रायपुर : कोरोना वायरस से बचाव के संबंध में मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल का प्रदेश की जनता के नाम संदेश: राज्य सरकार पूरी तरह मुस्तैद: जनता से सहयोग की अपेक्षा

19-Mar-2020

रायपुर : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कोरोना वायरस से बचाव के संबंध में आज प्रदेश की जनता को संबोधित किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा -प्रिय भाइयों और बहनों, जय जोहार, जैसा की आप जानते ही हैं कि पूरा विश्व इस समय कोरोना वायरस की महामारी से जूझ रहा हैं। छत्तीसगढ़ में भी आज कोरोना वायरस का एक केस पाजीटिव पाया गया हैं । जिसका समुचित उपचार एम्स रायपुर में चल रहा हैं। पीड़ित के परिवार के सभी सदस्यों और उनके सम्पर्क में आने वाले सभी लोगों की पहचान कर उनको भी आइसोलेशन में रखा गया हैं।

राज्य में कोरोनो वायरस से उपचार की माकूल व्यवस्था हैं और इससे डरने या चिंतित होने की कोई जरूरत नहीं हैं, लेकिन अब हमें ज्यादा सतर्क रहना होगा और लापरवाही से बचना होगा । एम्स में योग्य चिकित्सक, पीड़ित का उपचार कर रहे हैं । देश में अभी तक अनेक कोरोना पीड़ित स्वस्थ हो चुके है। राज्य में विदेश यात्रा करके लौटे सभी नागरिकों का स्वास्थ्य परीक्षण कर उन्हें आइसोलेशन में रखने की प्रक्रिया जारी हैं। मैं फिर से अपनी बात दोहराता हूॅ कि आपकी जानकारी में अगर ऐसा कोई व्यक्ति हैं जो विदेश यात्रा से लौटा हैं और उसने स्वास्थ्य विभाग को रिपोर्ट नहीं किया हैं तो इसकी सूचना तत्काल टोल फ्री नम्बर 104 पर दे ।  

लोगों को यह समझना होगा कि जानकारी छुपाने से कोरोना वायरस से बचाव नहीं हो सकेगा अपितु जानकारी देने और सही उपचार लेने से ही बचाव संभव हैं। बच्चों और बुर्जुगों को विशेष सावधानी रखने की आवश्यकता हैं । मेरा राज्य के नागरिकों से आग्रह हैं कि बहुत आवश्यक होने पर ही अपने घर से बाहर निकले । लोगों की सावधानी और सुरक्षा के लिए मैंने स्वयं अपने सभी कार्यक्रम और समारोह रदद् कर दिये हैं । राज्य में स्कूल, कालेज, सिनेमा हॉल, मॉल और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर लोगों के इकट्ठा होने पर रोक लगा दी हैं।

मैं बार बार आपको यह आश्वासन देता हूॅ कि आपको चिंतित होने की कोई आवश्यकता नहीं हैं । मैं आपका मुख्यमंत्री, राज्य सरकार और उसका पूरा महकमा पूरी तरह से मुस्तैद हैं और हमने इस वायरस से बचाव और उपचार की पूरी तैयारियां कर रखी हैं आवश्यकता हैं तो बस आपके सहयोग की । हमने राज्य में कोरोना वायरस से बचाव और उपचार की सही जानकारी देने के लिए एक इमरजेंसी कम्यूनिकेशन टीम ECTबनाई है जो आपको सतत रूप से सही सूचना देने का काम करेगी और भ्रामक खबरों के प्रचार को रोकेगी ।

मैं कोरोना उपचार के लिए लगातार काम कर रहे स्वास्थ्य विभाग के सभी चिकित्सकों और चिकित्सीय स्टॉफ का तहेदिल से आभारी हूँ । पूरा राज्य उनके समर्पण भाव की सराहना करता हैं । मैंने यह निर्णय लिया हैं कि कोरोना के उपचार में लगे स्वास्थ्य विभाग के अमले को विशेष भत्ता अतिरिक्त प्रदान किया जायेगा ।

राज्य सरकार ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए राजधानी रायपुर सहित सभी नगर निगम क्षेत्रों में धारा 144 लगा दी हैं । इसका मुख्य उद्देश्य लोगों को एक स्थान पर ज्यादा संख्या में एकत्रित होने से रोकना हैं जिससे कोरोना वायरस के प्रसार को रोका जा सके । मुझे पूरा विश्वास हैं कि छत्तीसगढ़ की जनता इस संकट की घड़ी में राज्य सरकार का और एक दूसरे का भी सहयोग करेगी ताकि हम इस कोराना वायरस के फैलाव को रोक सके। आपके सहयोग की अपेक्षा हैं ।


कोरोना इफेक्ट : अंतर्राज्यीय बस परिवहन सेवा तत्काल प्रभाव से स्थगित

कोरोना इफेक्ट : अंतर्राज्यीय बस परिवहन सेवा तत्काल प्रभाव से स्थगित

19-Mar-2020

रायपुर : कोरोना वायरस (कोविड-19) के संक्रमण का प्रभाव छत्तीसगढ़ राज्य के कई सीमावर्ती राज्य में प्रकाश में आया है। इसे देखते हुए छत्तीसगढ़ राज्य में अन्य राज्यों से आने तथा जाने वाली बसों के परिवहन को तत्काल प्रभाव से स्थगित कर दिया गया है। इसके साथ ही अखिल भारतीय पर्यटक परमिट वाली समस्त यात्री वाहनों का संचालन भी आगामी आदेश तक स्थगित कर दिया गया है। परिवहन आयुक्त सह अध्यक्ष राज्य परिवहन प्राधिकार छत्तीसगढ़ द्वारा सभी क्षेत्रीय और जिला परिवहन अधिकारियों को आदेश जारी कर इसका पालन कर सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। 

 


 रायपुर: नगरीय क्षेत्रों के सभी मॉल, चौपाटी और फास्ट फूड वाले अस्थायी ठेले तत्काल प्रभाव से बंद करने के निर्देश

रायपुर: नगरीय क्षेत्रों के सभी मॉल, चौपाटी और फास्ट फूड वाले अस्थायी ठेले तत्काल प्रभाव से बंद करने के निर्देश

19-Mar-2020

नगरीय प्रशासन विभाग ने जिला कलेक्टरों और नगरीय निकायों को जारी किया आदेश

रायपुर : नोवल कोरोना वायरस (कोविड-19) के संक्रमण की रोकथाम और नियंत्रण के लिए राज्य शासन द्वारा पूर्व में जारी आदेशों के अलावा यह भी निर्णय लिया गया है कि नगरीय क्षेत्रों में स्थित सभी मॉल, चौपाटी, बाजार एवं अन्य स्थलों जहां चाट-पकौड़ी, फास्ट फूड तथा अन्य खाद्य वस्तु के विक्रय के लिए अस्थायी ठेले आदि लगाये जाते हैं, उन्हें आगामी आदेश तक बंद रखा जाए।

नगरीय क्षेत्रों में स्थित छात्रावासों और छात्रों को किराये पर उपलब्ध कराए जाने वाले पी.जी. को भी खाली कराया जाए अथवा उनमें निवास करने वाले छात्र-छात्राओं के बाहर आने जाने वाले को हतोत्साहित किया जाए। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा प्रदेश के सभी जिला कलेक्टरों, नगर पालिक निगम के आयुक्त और नगर पालिका एवं नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिक अधिकारियों को इस आशय का आदेश जारी करते हुए इसका कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए गए हैं।


सूरजपुर : दशगात्र कार्यक्रम में हुए शामिल, परिवार से मिलकर हुए भावुक

सूरजपुर : दशगात्र कार्यक्रम में हुए शामिल, परिवार से मिलकर हुए भावुक

19-Mar-2020

TNIS (THE NEWS INDIA)

सूरजपुर 18 मार्च : आज मुख्यमंत्री श्री भुपेष बघेल हेलिकाप्टर के माध्यम से पार्वतीपुर पहुॅचकर खाद्य मंत्री श्री अमरजीत भगत के पिता स्व. श्री दखलुराम भगत के दषगात्र कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान मुख्यमंत्री श्री बघेल ने खाद्य मंत्री श्री भगत के पिता के छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रंद्धाजलि अर्पित किया और मंत्री श्री भगत की माताजी श्रीमती सुबो बाई के चरण स्पर्ष कर कहा कि इस दुःखद घड़ी में उनका बड़ा बेटा हमेषा उनके साथ है और रहेगा, मुलाकात के इस पल में उपस्थित मंत्री श्री भगत, विधानसभा अध्यक्ष डाॅ चरणदास महंत, मंत्री श्री रविन्द्र चैबे, मंत्री डाॅ षिव कुमार डहरिया सहित परिवार के सदस्यों की आॅखे नम हो गई थी। जिसके बाद मुख्यमंत्री श्री बघेल के साथ सभी ने इस शोक की घड़ी में मृत आत्मा की शांति के लिए ईष्वर से प्रार्थना की और मंत्री श्री भगत व परिवारजनों को धैर्य रखने के लिए कहते हुए सभी को सांत्वना दी। विधानसभा अध्यक्ष डॉ चरणदास महंत ने मंत्री श्री भगत के पिता जी को श्रंद्धाजलि अर्पित करते हुए इस शोक की घड़ी में परिवार के सबसे बड़े सदस्य होने के नाते सभी को धैर्य रखने को कहा और कृषि मंत्री श्री रविन्द्र चैबे, नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री डॉ शिव कुमार डहरिया ने भी मंत्री श्री भगत व परिजनों से मुलाकात कर शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाते हुए स्व0 श्री दखलूराम भगत को श्रद्धांजलि अर्पीत किया।

ज्ञातव्य है कि छत्तीसगढ़ शासन के खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण तथा संस्कृति मंत्री श्री अमरजीत भगत के पिता जी श्री दखलूराम भगत का आकास्मिक निधन विगत 9 मार्च 2020 को रायपुर के एक निजी अस्पताल में हो गया था। इसके बाद मंत्री श्री भगत ने परिवार सहित अपने गृहग्राम पार्वतीपुर में सामाजिक रिति-रिवाजों का निर्वहन कर रहें हैं। मंत्री श्री भगत के पिता जी का दशगात्र, चन्दनपान एवं ब्रम्हभोज कार्यक्रम यहां पार्वतीपुर में था। इस दौरान सरगुजा विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष एवं विधायक प्रेमनगर श्री खेलसाय सिंह, सरगुजा विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष द्वय श्री वृहस्पत सिंह, श्री गुलाब कमरों, विधायक लुण्ड्रा डाॅ प्रीतम राम, विधायक भटगांव श्री पारसनाथ राजवाड़े, विधायक रायपुर श्री विकास उपाध्याय, विधायक भिलाई श्री देवेंद्र यादव, विधायक बैकुंठपुर श्रीमती अम्बिका सिंहदेव, विधायक सामरी श्री चिंतामणी महाराज, विधायक जांजगीर चांपा श्री नारायण चंदेल, विधायक पालीतानाखार श्री मोहित राम, विधायक खल्लारी श्री द्वारिकाधीष यादव, विधायक जषपुर श्री विनय कुमार भगत, विधायक पत्थलगांव श्री रामपुकार सिंह, विधायक कुनकुरी यु.डी.मिंज, मुख्यमंत्री के संयुक्त सचिव श्री टामन सिंह सोनवानी, पूर्व विधायक मरवाही श्री अमीत जोगी, पूर्व मंत्री श्री भैयालाल राजवाड़े, महापौर अम्बिकापुर श्री अजय तिर्की, कमिश्नर सरगुजा श्री इमिल लकड़ा, सरगुजा रेंज के महानिरीक्षक श्री रतनलालडांगी, कलेक्टर श्री दीपक सोनी, वनमण्डलाधिकारी श्री जे.आर.भगत, पुलिस अधीक्षक श्री राजेष कुकरेजा, मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अष्वनी देवांगन, अपर कलेक्टर श्री एस.एन.मोटवानी सहित अन्य जनप्रतिनिधि,वरिष्ठ अधिकारी तथा गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।


छत्तीसगढ़ सरकार ने नक्सली हिंसा में शहीद जवानों के परिजनों को मिलने वाली एक्सग्रेशिया राशि को 3 लाख से बढ़ाकर किया 20 लाख रूपए

छत्तीसगढ़ सरकार ने नक्सली हिंसा में शहीद जवानों के परिजनों को मिलने वाली एक्सग्रेशिया राशि को 3 लाख से बढ़ाकर किया 20 लाख रूपए

18-Mar-2020

रायपुर : छत्तीसगढ़ सरकार ने नक्सल हिंसा में शहीद जवानों के परिजनों को दी जाने वाली एक्सग्रेशिया राशि को बढ़ाकर 20 लाख रूपए कर दिया है। पहले शहीद जवानों के परिजनों को 3 लाख रूपए एक्सग्रेशिया राशि (अनुग्रह अनुदान) दिया जाता था।

राज्य सरकार के गृह विभाग द्वारा आज इस संबंध में आदेश जारी कर दिया गया है। राज्य शासन द्वारा पुलिस मुख्यालय के प्रस्ताव पर भारत सरकार की नवीन एसआरई गाईड लाइन के अनुसार नक्सली हिंसा में शहीद जवानों के परिजनों को दी जाने वाली एक्सग्रेशिया राशि में यह वृद्धि की गई है।


रायपुर : घर बैठे कर सकते हैं वेबपोर्टल पर जन्म-मृत्यु का ऑनलाईन पंजीयन : पंजीयन की जानकारी मिलेगी ई-मेल तथा मोबाइल पर

रायपुर : घर बैठे कर सकते हैं वेबपोर्टल पर जन्म-मृत्यु का ऑनलाईन पंजीयन : पंजीयन की जानकारी मिलेगी ई-मेल तथा मोबाइल पर

18-Mar-2020

रायपुर : भारत के महा रजिस्टार कार्यालय नई दिल्ली के वेबपोर्टल ( www.crsorgi.gov.in) के माध्यम से जन्म-मृत्यु और मृत जन्म का ऑनलाईन पंजीयन जनसाधारण अपने घर बैठे कर सकते हैं। पंजीयन के बारे में सूचनाएं ई-मेल तथा मोबाइल पर प्राप्त किया जा सकता है।

आर्थिक एवं सांख्यिकी संचालनालय नवा रायपुर से प्राप्त जानकारी के अनुसार वेबपोर्टल में उपयोगकर्ताओं को राज्य की क्षेत्रीय भाषा अथवा अंग्रेजी में रिपोर्टिंग फार्म भरने की सुविधा दी गई है। जनसाधारण को घर बैठे जन्म एवं मृत्यु पंजीयन करने के पश्चात पंजीयन की जानकारी मोबाइल, ई-मेल पर प्रमाण पत्र प्राप्त करने की सुविधा दी गई है। प्रमाण पत्र पर मुद्रित क्यूआरकोड से प्रमाण पत्र की वैधता की जांच संबंधित एजेंसियों द्वारा तुरंत किया जा सकता है। वेबपोर्टल पर 21 दिनों के भीतर सूचना दिए जाने पर निःशुल्क पंजीयन तथा प्रमाण पत्र की प्रथम प्रति निःशुल्क मिलेगी। महा रजिस्टार कार्यालय द्वारा लोगों की सुविधा के लिए कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के माध्यम से जन्म एवं मृत्यु का प्रावधान किया गया है।

सीएससी के माध्यम से घर या अन्य स्थानों रास्ते में, होटल, धर्मशाला आदि होने वाली घटनाओं की सूचना 21 दिनों के भीतर दी जा सकती है, परंतु सीएससी के माध्यम से संस्थागत घटनाओं तथा विलंबित घटनाओं की सूचना नही दी जा सकेगी। भरे गए पंजीयन फार्म का प्रिंटआउट लेकर सीएससी संबंधित रजिस्टार (जन्म-मृत्यु) को अपेक्षित दस्तावेजों के साथ व्यक्तिगत अथवा दिए गए पते पर डाक द्वारा भेजना होगा ताकि रजिस्टार (जन्म-मृत्यु) के द्वारा दस्तावेजों का मिलान, परीक्षण कर पंजीयन की कार्यवाही की जा सकेगी।

गौरतलब है कि भारत के महा रजिस्टार कार्यालय के मार्गदर्शन में मुख्य रजिस्टार जन्म-मृत्यु कार्यालय के निर्देशानुसार जन्म, मृत्यु और मृत जन्म का ऑनलाईन पंजीयन जिला अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रांे तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों में शुरू की गई है। जनवरी 2020 से  नगरीय निकायों में भी प्रारंभ किया गया है। यदि जन्म-मृत्यु घर में हुई हो तो वेबसाइट ( www.crsorgi.gov.in)पर लॉगिन पैनल के ठीक नीचे दिए गए जनरल पब्लिक साइन अप लिंक के माध्यम से 21 दिनों के भीतर घर के किसी सदस्य द्वारा ऑनलाइन रिपोर्ट किया जा सकता है। यदि जन्म, मृत्यु किसी निजी अस्पताल में (संस्थागत) हुई है, तो अस्पताल की यह जिम्मेदारी है कि वह उस घटना की सूचना उस क्षेत्र के रजिस्टार (जन्म-मृत्यु) को 21 दिनों के भीतर ऑनलाइन या मैन्युअल रूप से दे। 21 दिनों के बाद सभी विलंबित घटनाओं को सीधे रजिस्टार (जन्म-मृत्यु) के कार्यालय को सूचित किया जाता है।

जनरल पब्लिक साइन अप, सीएससी, निजी संस्थानों द्वारा विलंबित घटनाओं की ऑनलाइन रिपोर्टिंग के लिए कोई प्रावधान नहीं हैं। विलंबित घटनाएं राज्य सरकार के द्वारा तय किए गए शुल्क के साथ तथा सक्षम प्राधिकारी (जिला रजिस्टार, अतिरिक्त जिला रजिस्टार, कार्यपालिक मजिस्ट्रेट) के आदेश के बाद रजिस्टार (जन्म-मृत्यु) को सूचित किया जाता है। इन घटनाओं को ऑनलाइन पंजीयन करने की जिम्मेदारी संबंधित रजिस्टार की है।

 
 
 

मंत्री टी एस सिंहदेव को राजस्थान में पर्यवेक्षक की जवाबदेही

मंत्री टी एस सिंहदेव को राजस्थान में पर्यवेक्षक की जवाबदेही

17-Mar-2020

TNIS

 रायपुर : प्रदेश के स्वास्थ्य एवं पंचायत मंत्री टी एस सिंहदेव को कांग्रेस के राष्ट्रीय नेतृत्व ने अहम जिम्मेदारी सौंपी है मंत्री टी एस सिंहदेव को राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती सोनिया गांधी ने राजस्थान में पर्यवेक्षक की जवाबदेही दी है उनके साथ राष्ट्रीय प्रवक्ता रणदीप सिंह सूरजेवाला भी मौजूद होंगे।

 


छत्तीसगढ़ विधानसभा में विपक्ष का हंगामा,आसंदी पर कार्यसूची फाड़कर फेंका

छत्तीसगढ़ विधानसभा में विपक्ष का हंगामा,आसंदी पर कार्यसूची फाड़कर फेंका

16-Mar-2020

TNIS

रायपुर : विधानसभा सदन में अध्यक्ष की आसंदी पर कार्यसूची फाड़कर फेंके जाने के मामले में विधायक सत्यनारायण शर्मा के नेतृत्व में 20 कांग्रेसी विधायकों ने भाजपा विधायक बृजमोहन अग्रवाल और अजय चंद्राकर के विरुद्ध विशेषाधिकार हनन की कार्यवाही करने को कहा । विपक्ष के इस हरकत को मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और संसदीय कार्य मंत्री रवींद्र चौबे ने विपक्ष के आचरण को दुर्भाग्यपूर्ण बताया और कहा कि छत्तीसगढ़ की विधानसभा के इतिहास में ऐसा पहला दुर्भाग्यपूर्ण उदाहरण है.


रायपुर : अभनपुर-रायपुर नेशनल हाईवे पर अनियंत्रित होकर पलटी यात्री बस, 4 घायल

रायपुर : अभनपुर-रायपुर नेशनल हाईवे पर अनियंत्रित होकर पलटी यात्री बस, 4 घायल

16-Mar-2020

अभनपुर-रायपुर नेशनल हाईवे पर स्थित ग्राम केन्द्री के पास एक यात्री बस अनियंत्रित होकर पलट गई जिससे 4 लोग घायल हो गए मामले की जानकारी अनुसार आज सोमवार (16 मार्च) को मनीष ट्रेव्हल्स की लग्जरी बस क्र.सीजी 07 ई 7801 रायपुर से जगदलपुर जा रही थी वह ग्राम केन्द्री के पास पहुंचा ही था कि अनियंत्रित होकर पलट गई बस में 80 यात्रियों के सवार होने की सूचना है जिसमे से 4 यात्री घायल हो गए उन्हें एम्बुलेंस की सहायता से अभनपुर के सरकारी अस्पताल भेजा गया है. घटना दोपहर 1 बजे के करीब की बताई जा रही है 

 
 
 

रायपुर : सूचना के अधिकार नियम का उल्लंघन करने वाले जन सूचना अधिकारी पर आयोग ने एक लाख का अर्धदंड लगाया

रायपुर : सूचना के अधिकार नियम का उल्लंघन करने वाले जन सूचना अधिकारी पर आयोग ने एक लाख का अर्धदंड लगाया

14-Mar-2020

जन सूचना अधिकारी एन०सी० सिंह कार्यपालन अभियंता जल संसाधन संभाग अंबिकापुर के ऊपर राज्य सूचना आयोग द्वारा चार प्रकरणों में 25000 -25000 रुपए कुल 1,00,000 रुपए का अर्थ दंड देने का दिया आदेश

रायपुर : डी०के०सोनी अधिवक्ता एवं आरटीआई कार्यतकर्ता द्वारा सूचना के अधिकार के तहत जानकारी प्रदान करने हेतु चार अलग-अलग आवेदन दिनांक 1/2/17 प्रस्तुत कर दिनांक 1/8/2016 से आज दिनांक तक आप के कार्यालय का चेक स्टेटमेंट इंटरनेट के माध्यम से कटता है की प्रमाणित प्रतिलिपि तथा उक्त अवधि के कैश बुक की प्रमाणित प्रतिलिपि तथा कार्यालय के क्षेत्रान्तर्गत जो भी फर्नीचर खरीदा गया है उसका बिल वाउचर की प्रमाणित प्रतिलिपि तथा भुगतान के बिलों की प्रमाणित प्रतिलिपि तथा कार्यालय द्वारा जो भी बिजली के  सामान क्रय किए गए हैं उनके बिल वाउचर तथा भुगतान की जानकारी की प्रमाणित प्रतिलिपि एवं स्टेशनरी जिसमें फोटो कॉपी तथा अन्य खर्च किए गए राशि की जानकारी तथा बिल वाउचर की प्रमाणित प्रति तथा भुगतान किए गए बिलों की प्रमाणित प्रतिलिपि से संबंधित जानकारी की मांग किया गया था 

जिसमें जन सूचना अधिकारी द्वारा समयावधि में वांछित जानकारी प्राप्त ना होने पर डी०के०सोनी द्वारा चारों आवेदनों का अलग-अलग चार प्रथम अपील यह दिनांक 3/4/2017 को प्रथम अपीलीय अधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किया गया था जिसमें प्रथम अपीलीय अधिकारी ने दिनांक 28/4/2017 को चारों अपील प्रकरण में आदेश पारित करते हुए चाही गई जानकारी 15 दिवस के भीतर निःशुल्क प्रदान करने हेतु आदेश पारित किया गया। लेकर उक्त आदेश का पालन जन सूचना अधिकारी द्वारा नहीं करने के कारण के डी०के० सोनी के द्वारा धारा 18 के तहत राज्य सूचना आयोग में शिकायत प्रकरण क्रमांक सी/941/2017, सी/942/2017,सी/943/2017 एवं सी/948/2017 प्रस्तुत किया गया था।

उक्त चारों शिकायत प्रकरण को माननीय राज्य सूचना आयोग ने पंजीबद्ध करते हुए जन सूचना अधिकारी कार्यपालन अभियंता कार्यालय जन संसाधन संभाग क्रमांक 1 के जन सूचना अधिकारी एन०सी०सिंह को नोटिस जारी किया गया लेकिन जन सूचना अधिकारी उक्त नोटिस के बाद भी आयोग के समक्ष उपस्थित नहीं हुए और ना ही चारों शिकायत प्रकरण में जवाब प्रस्तुत किया गया जिसके कारण उक्त सभी प्रकरणों में विधिवत सुनवाई करते हुए दिनांक 10/12/2019 को शिकायत प्रकरण क्रमांक सी/941/2017, सी/942/2017,सी/943/2017 एवं सी/948/ 2017 में आदेश पारित करते हुए राज्य सूचना आयोग द्वारा श्री एन०सी०सिंह कार्यपालन अभियंता कार्यालय जल संसाधन संभाग क्रमांक 1 अंबिकापुर को सूचना के अधिकार अधिनियम की धारा 20(1) का दोषी मानते हुए तथा सूचना उपलब्ध नहीं कराए जाने के कारण उपरोक्त चारों प्रकरण में 25000-25000 रुपए कुल 1,00,000 रुपए का अर्थदंड अधिरोपित करने का आदेश दिया गया है। साथ ही साथ आयोग एवं वरिष्ठ अधिकारी के आदेश का पालन नहीं करने के कारण उक्त आदेश की प्रतिलिपि प्रमुख अभियंता जल संसाधन विभाग शिवनाथ भवन नवा रायपुर को भेजकर सूचना के अधिकार अधिनियम की धारा 20(2) के तहत कार्यवाही करने की भी अनुशंसा की गई है।


कोरबा : बैंक में चोरी करने घुसे चोरों ने दो सीसीटीवी व दो मॉनीटर किया चोरी, कैश सुरक्षित

कोरबा : बैंक में चोरी करने घुसे चोरों ने दो सीसीटीवी व दो मॉनीटर किया चोरी, कैश सुरक्षित

13-Mar-2020

कोरबा जिले के बालकोनगर हनुमान मंदिर के पास स्थित स्टेट बैंक की शाखा में गुरुवार-शुक्रवार की दरमियानी रात चोरों ने धावा बोल दिया चोरों के हाथ नगदी तो नहीं लगी लेकिन उन्होंने बैंक से दो सीसीटीवी व दो मॉनीटर ले उड़े बताया जा रहा है कि आज शुक्रवार (13 मार्च) की सुबह स्थानीय लोगों ने बैंक के दीवार में बड़ा सा होल देखा इसकी सूचना उन्होंने पुलिस को दी पुलिस ने मामले की जांच की जिसमें  दो सीसीटीवी व दो मॉनीटर चोरी होने की पुष्टि हुई जबकि  कैश व अन्य सामग्री सुरक्षित है। पुलिस अज्ञात चोरों के खिलाफ मामला दर्ज करके आगे की कार्रवाई कर रही है.

Breaking: स्टेट बैंक की बालकोनगर शाखा में सेंधमारी, कैश सुरक्षित, चोर ले गए सीसीटीवी व मॉनीटर


मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कोरोना के संबंध में ली आपात बैठक : केंद्र सरकार की एडवाइजरी के अनुरूप कार्रवाई करने के दिए निर्देश

मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कोरोना के संबंध में ली आपात बैठक : केंद्र सरकार की एडवाइजरी के अनुरूप कार्रवाई करने के दिए निर्देश

13-Mar-2020

कोरोना वायरस से निपटने के लिए किए गए इंतजामों की समीक्षा की

परीक्षाओं को छोड़कर स्कूल और कॉलेजों को 31 मार्च तक बंद करने का लिया गया निर्णय

लोगों को सजग रहने और शासकीय कार्यक्रमों में भीड़-भाड़ से बचने की हिदायत

 

मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल आज देर शाम दिल्ली से लौटते ही अपने निवास कार्यालय में आपात बैठक लेकर प्रदेश में कोरोना वायरस से निपटने के लिए की गई तैयारियों और इंतजामों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य विभाग को कोरोना वायरस से बचाव के लिए किए गए इंतजामों की नियमित समीक्षा और निगरानी करने के निर्देश दिए है। भारत सरकार द्वारा कोरोना वायरस को लेकर जारी की गई एडवाइजरी के तारतम्य में बैठक में प्रदेश में परीक्षाओं को छोड़कर सभी स्कूल और कॉलेजों को आगामी 31 मार्च तक बंद करने का निर्णय लिया गया। परीक्षाएं अपने निर्धारित समय-सारणी के अनुसार आयोजित की जाएंगी। बैठक में लोगों को सजग और जागरूक रहने तथा शासकीय कार्यक्रमों में भीड़-भाड़ से बचने की हिदायत भी दी गई। कोरोना से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी एडवाइजरी का व्यापक प्रचार-प्रसार भी करने के निर्देश मुख्यमंत्री ने विभागीय अधिकारियों को दिए है।

     बैठक में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश में कोरोना वायरस से निपटने के लिए संपूर्ण तैयारियां सुनिश्चित की गई है। राज्य सरकार द्वारा पूर्व में ही कार्यालयों में 31 मार्च तक बायोमेट्रिक उपस्थिति पर रोक लगा दी गई है। कोरोना वायरस के संबंध में केन्द्र सरकार और विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा जारी निर्देशों का लगातार नियमित रूप से सभी माध्यमों में व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। कोरोना को लेकर स्वास्थ्य विभाग द्वारा नियमित रूप से बुलेटिन भी जारी किया जा रहा है। विभागीय अमले द्वारा इस पर पूरी नजर रखी जा रही है और नियमित रूप से एडवाइजरी जारी कर लोगों को इससे बचाव के लिए जागरूक किया जा रहा है।  
        बैठक में कृषि मंत्री श्री रविन्द्र चौबे, वन मंत्री श्री मोहम्मद अकबर, मुख्य सचिव श्री आर. पी. मण्डल, अपर मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन, अपर मुख्य सचिव श्री सुब्रत साहू, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री गौरव द्विवेदी, प्रमुख सचिव विधि श्री एन. के. चंद्रवंशी, स्वास्थ्य विभाग की सचिव श्रीमती निहारिका बारिक सिंह, स्वास्थ्य विभाग के संचालक श्री नीरज बंसोड़ सहित अन्य वरिष्ठ विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

 

झारखण्ड से बरातियो को लेकर लौट रही सफारी वाहन हादसे का शिकार हुई, 2 लोगों की मौत, 4 घायल

झारखण्ड से बरातियो को लेकर लौट रही सफारी वाहन हादसे का शिकार हुई, 2 लोगों की मौत, 4 घायल

12-Mar-2020

रामानुजगंज: शादी की खुशियां उस समय मातम में बदल गई जब निकाह के बाद 6 बारातियों को लेकर एक सफारी वाहन झारखंड से लौट रहे थे, वाहन का अचानक टायर फट गया, इससे सफारी अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गई इस हादसे में वाहन में सवार दो युवकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि चार अन्य घायल हो गया.

मिली जानकारी के मुताबिक बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के रामचंद्रपुर थानांतर्गत ग्राम बरवाही निवासी मोहम्मद आसीन के पुत्र तौहीद रजा की शादी झारखंड के जरही थाना अंतर्गत ग्राम डंडई में तय हुई थी। 11 मार्च दूल्हा समेत सभी रिश्तेदार व परिचित के लोग बारात में शामिल होने गए थे। निकाह के बाद 6 बाराती सफारी वाहन क्रमांक जीजे 05 सीएस- 8320 में सवार होकर लौट रहे थे इसी दौरान यह हादसा हुआ. 


रायपुर : प्रदेश में 16 मार्च से मनाया जाएगा वजन त्यौहार : महिला एवं बाल विकास सचिव ने कलेक्टरों को जारी किए निर्देश

रायपुर : प्रदेश में 16 मार्च से मनाया जाएगा वजन त्यौहार : महिला एवं बाल विकास सचिव ने कलेक्टरों को जारी किए निर्देश

09-Mar-2020

 रायपुर : छत्तीसगढ़ में हर साल की तरह इस साल भी बच्चों में पोषण स्तर के आंकलन हेतु वजन त्यौहार मनाया जाएगा। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा वजन त्यौहार का आयोजन आगामी 16 मार्च  से 25 मार्च तक किया जा रहा है। इस संबंध में विभागीय सचिव सिद्धार्थ कोमल सिंह परदेशी ने सभी कलेक्टरों को पत्र लिख कर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। महिला एवं बाल विकास अधिकारियों को भी वजन त्यौहार के लिए विस्तृत निर्देश जारी कर दिया गया है।

उल्लेखनीय है कि राज्य में वास्तविक पोषण स्तर की जानकारी प्राप्त करने के लिए प्रतिवर्ष सभी 05 वर्ष से कम आयु के बच्चों के पोषण स्तर के आंकलन हेतु वजन त्यौहार आयोजित किया जाता है। वजन त्यौहार के दौरान सभी बच्चों का वजन लेकर उनकी जानकारी ऑनलाईन सॉफ्टवेयर में दर्ज करते हुए पोषण स्तर ज्ञात किया जाता है। इस प्रक्रिया में आंकड़ों की शुद्धता बनी रहती है।

सिद्धार्थ कोमल सिंह परदेशी ने कलेक्टरों को उनकी अध्यक्षता में वजन त्यौहार आयोजन के लिए जिला स्तर के सभी विभागीय अधिकारियों की 12 मार्च तक बैठक लेकर सभी को दायित्व सौंपने कहा है, जिससे प्रत्येक पंचायत स्तर तक मॉनीटरिंग की जा सके। साथ ही प्रत्येक पंचायत के लिए एक नोडल अधिकारी नियुक्त करते हुए त्रुटिरहित वजन त्यौहार का आयोजन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। विभागीय सचिव ने कहा है कि वजन त्यौहार में आंकड़ों की गुणवत्ता व सत्यापन के लिए स्थानीय शासकीय विश्वविद्यालय, महाविद्यालय के रिसर्च स्कॉलरों, राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों, महिला शक्ति केन्द्र योजना अन्तर्गत चयनित स्वयंसेवकों की सेवायें ली जा सकती हैं। सचिव ने अधिकारियों को समय-सीमा में कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।


रायपुर : छत्तीसगढ़ पुलिस की अवैध शराब पर बड़ी कार्रवाई : अंतरराज्यीय शराब तस्करी के पांच आरोपी गिरफ्तार

रायपुर : छत्तीसगढ़ पुलिस की अवैध शराब पर बड़ी कार्रवाई : अंतरराज्यीय शराब तस्करी के पांच आरोपी गिरफ्तार

07-Mar-2020

रायपुर : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा अवैध शराब पर सख्त कार्रवाई के निर्देश के बाद छत्तीसगढ़ पुलिस द्वारा बड़ी कार्रवाई की गई है। पुलिस ने मंदिर हसौद के ग्राम दरबा में छापा मारकर करीब 13 लाख कीमत की 340 पेटी और पिकअप से 40 पेटी अंग्रेजी शराब जब्त की है। कार्रवाई में 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, साथ ही एक पिकअप जब्त की गई है।

उल्लेखनीय है कि डीजीपी डीएम अवस्थी ने दो दिन पहले ही सभी पुलिस अधीक्षकों को पत्र लिखकर अवैध शराब भंडारण और परिवहन पर सख्ती के निर्देश दिए थे। इसके बाद प्रदेश भर में पुलिस ने अवैध शराब पर रोक लगाने छापामार कार्रवाई शुरू की। इसी कड़ी में महासमुंद जिले की बागबाहरा थाना पुलिस को सूचना मिली की रायपुर की ओर से अवैध शराब से भरी पिकअप आ रही है। पुलिस ने तत्काल घेराबंदी कर पांच आरोपियों सहित पिकअप को जब्त कर लिया। आरोपियों ने पूछताछ के दौरान बताया कि यह शराब रायपुर मंदिरहसौद ब्लाक के ग्राम दरबा के सरपंच पति सनत पटेल के बाड़ा के कमरे में छिपा कर रखी गई थी और चंडीगढ़ की उक्त शराब में लगभग 340 पेटी अंग्रेजी शराब अभी वहां पर रखी हुई है। 

पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर उक्त स्थान पर छापा मारकर 340 पेटी शराब बरामद कर जप्त किया ली। महासमुंद पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र शुक्ल ने बताया कि सूचना मिली थी कि रायपुर की ओर से कुछ लोग भारी मात्रा में अवैध शराब पिकअप में भरकर होली त्यौहार के समय खपाने के उद्देश्य से महासमुंद जिले के ग्राम सुखरीबडरी ले जा रहे है। उक्त सूचना के आधार पर रेड कार्यवाही की गई जिसमें पांच आरोपी बजरंग सिंह फूल चौक रायपुर, नरेश कुमार  कोटा रायपुर, समर ध्रुव मंदिर हसौद रायपुर, प्रदीप बाघ सरस्वती नगर रायपुर और अखिलेश मंदिरहसौद को गिरफ्तार किया गया है। उक्त कार्यवाही में थाना प्रभारी अंजनेय वार्ष्णेय भापुसे, उनि संजय सिंह राजपूत, सोनचंद्र डहरिया, घनश्याम भारद्वाज, आरक्षक हिरालाल अकोनिया, आरक्षक टोप सिंग ध्रुवे, महेत्तरू साहू, भूपेन्द्र चन्द्राकर, विरेन्द्र तिवारी का विशेष योगदान रहा।


अंबिकापुर : सेंट्रल जेल में कैदी ने फांसी लगाकर दी जान, 2 प्रहरी निलंबित

अंबिकापुर : सेंट्रल जेल में कैदी ने फांसी लगाकर दी जान, 2 प्रहरी निलंबित

06-Mar-2020

सरगुजा जिले के अंबिकापुर सेंट्रल जेल में एक कैदी के द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या करने की खबर मीडिया में आ रही है मीडिया रिपोर्ट के अनुसार 2 लोगों के हत्या के मामले में सजा काट रहे एक कैदी ने सेंट्रल जेल के अस्पताल वार्ड के सेल में कम्बल फाड़ कर उसे खिड़की से बांधकर फांसी का फंदा बनाया और झूल गया सुबह उसकी लाश देखी गई इस घटना के बाद सेंट्रल जेल में हड़कंप मच गया इस मामले में जेल अधीक्षक ने कार्य में लापरवाही बरतने पर 1 मुख्य प्रहरी और 1 प्रहरी को तत्काल निलंबित किया है।


छ.ग. बजट 2020 : मुख्यमंत्री ने शिक्षाकर्मियो को दिया तोहफा, 16 हजार शिक्षाकर्मियों का संविलियन किया जाएगा

छ.ग. बजट 2020 : मुख्यमंत्री ने शिक्षाकर्मियो को दिया तोहफा, 16 हजार शिक्षाकर्मियों का संविलियन किया जाएगा

03-Mar-2020

रायपुर : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल आज मंगलवार (3 मार्च) को 2020-21 का बजट पेश कर रहे हैं इस बजट में मुख्यमंत्री ने  शिक्षाकर्मियो के लिए बड़ी घोषणा की हैं मुख्यमंत्री ने ऐलान किया है कि संविलियन से वंचित रह गए 16 हजार शिक्षाकर्मियों में जिन्होंने 2 वर्ष की अवधि पूरा कर ली है उनका संविलियन किया जाएगा। यह संविलियन जुलाई से लागू होगा। इससे पहले अपने बजट भाषण में मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री सुपोषण योजना के लिए 60 करोड़ का प्रावधान 4 लाख लोगों का इलाज किया जा चुका है

एनिमिया निदान के लिए काम किया जा रहा है महतारी जतन योजना में 30 करोड़ का प्रावधान मलेरिया मुक्त बस्तर अभियान चलाया जा रहा है, गंभीर बीमारी के इलाज के लिए 20 लाख का प्रावधान, 17 लाख 34 हजार किसानों का कर्ज माफ किया, हाट बाजार में स्वास्थ्य सुविधा के लिए 13 करोड़, जिला अस्पतालों में सिकल सेल यूनिट स्थापित की जाएगी, हर साल युवा महोत्सव के आयोजन के लिए 5 करोड़ का प्रावधान, राजीव मितान युवा क्लब खोले जाएंगे
जैविक खेती के लिए 20 करोड़ का प्रावधान, गोठानों को 10 हजार रूपए प्रतिमाह का अनुदान, गोठान संचालन के लिए 6 करोड़ का प्रावधान, राजीव गांधी किसान न्याय योजना शुरू की जाएगी,किसान न्याय योजना के लिए 5300 करोड़ का प्रावधान

 

जगदलपुर : ग्रामीणों से भरी पिकअप अनियंत्रित होकर पलटी, 3 महिला व एक पुरुष की मौत, 9 घायल

जगदलपुर : ग्रामीणों से भरी पिकअप अनियंत्रित होकर पलटी, 3 महिला व एक पुरुष की मौत, 9 घायल

02-Mar-2020

जगदलपुर से एक बड़ी खबर आ रही है जहाँ ग्रामीणों से भरी एक पिकअप अनियंत्रित होकर पलट गई जिससे 4 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई मरने वालों में 3 महिला और एक पुरुष है बताया जा रहा है कि आज सोमवार (2 मार्च) को मांडवा ग्राम के तोकापाल साप्ताहिक बाजार में शामिल होने के लिए ग्रामीण पिकअप में सवार होकर जा रहे थे तभी रायकोट में स्थित ढाबा के नजदीक पिकअप क्र. सीजी 17 डी 4111 अनियंत्रित होकर पलट गई. जिससे वाहन के नीचे कई लोग दब गए जिसमे से तीन महिलाएं लुदरी, सोमारी, कुंजाम ने मौके पर ही दम तोड़ दिया. वही एक ग्रामीण एक गोंजाम कश्यप की इलाज के दौरान मौत हो गई. हादसे में 9 ग्रामीण घायल है. सभी घायलों को डिमरापाल अस्पताल भेजा गया है.पिकअप वाहन के ड्राइवर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है और आगे की कार्रवाई कर रही है ।

 

बलरामपुर : प्राकृतिक आपदाओं से बचाव हेतु मॉक ड्रिल का आयोजन

बलरामपुर : प्राकृतिक आपदाओं से बचाव हेतु मॉक ड्रिल का आयोजन

02-Mar-2020

आपदा के दौरान जवानों द्वारा राहत एवं बचाव कार्य का किया गया प्रदर्शन

 प्राकृतिक एवं विभिन्न मानवीय आपदाओं के दौरान त्वरित बचाव कार्य एवं राहत पहुंचाने संबंधी पूर्वाभ्यास का आयोजन वन वाटिका रामानुजगंज में किया गया। जिला प्रशासन एवं नगर सेना बलरामपुर-रामानुजगंज द्वारा वन वाटिका रामानुजगंज में प्राकृतिक एवं मानवाीय आपदाओं से बचाव का अधिकारियों एवं आम नागरिकों के समक्ष प्रतीकात्मक प्रदर्शन किया गया। इस दौरान मोटर बोट के माध्यम से जान-माल का बचाव कैसे किया जाता है, इसका प्रदर्शन किया गया। साथ ही पानी में डूबते हुए व्यक्ति को बचाने, बस, ट्रेन, बिल्डिंग दुर्घटना, बाजार में अफरा तफरी मचने एवं सिलेण्डर में आग लगने पर प्रभावित व्यक्तियों को प्रशिक्षित जवानों के द्वारा सीमित संसाधन एवं तकनीक की सहायता से प्राथमिक उपचार देने के तरीकों के बारें में जानकारी दी गई। किसी भी अप्रत्याशित परिस्थिति में न घबरायें बल्कि उचित तरीके से उसका समाधान करने का प्रयास करें। प्रदर्शन के दौरान रेस्क्यू टीम के जवानों के द्वारा आपदा के दौरान बचाव हेतु ह्यूमन क्रच, पिक ए बैक, फोर एण्ड आफ्ट, पिक ए बैक रिवर्स, फायर मैन लिफ्ट, टू, थ्री और फोर हैण्ड सीट के तकनीकों के बारे में परिभाषा एवं उदाहरण सहित जानकारी दी गई। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री विजय कुमार कुजूर ने उपस्थित नगर सेना के जवानों को बताया कि बाढ़ एवं प्राकृतिक आपदा से जनधन की हानि होती है, उसे बचाने के लिए हमने आज मॉक ड्रिल किया है। उन्होंने कहा कि किसी के जीवन को बचाना बहुत बड़ा पुण्य का काम है, अतः हमें इस प्रकार के कार्य करने के लिए हमंेशा तत्पर रहना चाहिए।

 

इस दौरान जिला शिक्षा अधिकारी श्री बी. एक्का, तहसीलदार बलरामपुर श्री शबाब खान, तहसीलदार रामानुजगंज श्री भरत कौशिक, जिला सेनानी श्री एन. खलखो, सहायक उपनिरीक्षक श्री अखिलेश कुमार गुप्ता तथा नगर सेना के जवानों सहित आम नागरिक उपस्थित थे।

TNIS 


7 वें संत स्वामी राम राम साहिब

7 वें संत स्वामी राम राम साहिब

01-Mar-2020

ऐसे महान शदाणी संत की वर्सी 15 से 18 मार्च 2020 को पूज्य शदाणी दरबार तीर्थ में आयोजित है।

7 वें संत स्वामी राम राम साहिब का जन्म 1882 में हुआ था, (शादनी संवत 174 के अनुसार, कार्तिक, 28 शुक्ल की एकादशी), गुलु पितफी में, तहसील मीरपुर माथेलो, जिला घोटकी, सिंध, पाकिस्तान उनके पिता भाई राम जागीर का एक गाँव था। शदाणी दरबार के एक समर्पित अनुयायी, जबकि उनकी माँ, माता खेमी बाई पूरी तरह से भग्वान शिवा को समर्पित थीं। हर बार, वह "ओम् नमो शिवाय" सुनती थी, उसके होंठ उसके बेटे थे। एक दिन भगवन शिव ने खेमी बाई पर अपना आशीर्वाद बरसाया और उन्हें सपने में बताया कि वह भक्ति से बहुत प्रसन्न हैं। बहुत जल्द, वह अपने घर में जन्म लेगा ताकि वह माँ के आकार में उससे अपना स्नेह व्यक्त कर सके। जैसा कि प्रथा है, संत राजा राम के जन्म के समय उनके छठ उत्सव (जन्म के छठे दिन) पर एक नाम देने के लिए एक ब्राह्मण को बुलाया गया था। जब ब्राह्मण ने लड़के की तरफ देखा, तो उसने AADAM DOT ON HIS FOOT का अवलोकन किया। उन्होंने माता-पिता को बधाई दी और कहा कि उनका बच्चा कोई साधारण बच्चा नहीं था, लेकिन वह एक महान संत या एक महान राजा होगा। यही कारण था कि उनका नाम रजा राम था। जब रजा राम आठ वर्ष के थे, तब उनके पिता उन्हें 5 वें शदाणी संत, सतगुरु पूजनिया माता साहिब द्वारा आशीर्वाद देने के लिए शदाणी दरबार में ले गए। जैसे ही रजा राम ने माथा साहिब के पवित्र चरणों में माथा छुआ, उसने उसे अपनी बाहों में ले लिया। जब राज राम ने साहब से प्रसाद के लिए कहा, तो उन्होंने उसके सामने प्रसाद की पूरी टोकरी रख दी और कहा "राजल, यह सारा प्रसाद तुम्हारा है और इसे वितरित करना भविष्य है।" उन शब्दों में एक बड़ा अर्थ छिपा था। माता साहब त्रिकाल दर्शी (भूतकाल, वर्तमान और भविष्य को जानने वाले) थे। वह जानती थी कि एक दिन उसे शदाणी दरबार की गद्दी दी जाएगी। जैसा कि माता साहब ने भाई राम से कहा था, "राजल अब हमारा है, इसलिए उसे हमारे शेवा और शिखा के लिए यहां दरबार में रहने दो।"अब रजा राम ने शादाब दरबार में रहना शुरू कर दिया और माता साहिब को अपनी पूरी श्रद्धा से प्रसन्न किया। उन्होंने पूज्य माता साहिब की देखरेख में शादनी दरबार में अपनी प्रारंभिक धार्मिक शिक्षा (धार्मिक शिक्षा) पूरी की। तब उन्हें कनखल में एक उच्च धार्मिक शिक्षा केंद्र भेजा गया, भारत में हरिद्वार के पास वह 1904-1906 तक रहे और वेद, उपनिषद सीखे। वियाकरण और कुछ अन्य पवित्र ग्रन्थ। SWAMI CHETAN DEV, तब संस्था के प्रमुख उनकी अतिरिक्त साधारण क्षमता को देखकर बहुत प्रभावित हुए। उन्होंने उसे संस्था का प्रमुख बनने की पेशकश की और उस पर स्थायी रूप से रहने के लिए जोर दिया। लेकिन संत राजा राम शदाणी दरबार के प्रति पूर्ण समर्पण में थे। वह किसी भी शादानी दरबार की तुलना में शादानी दरबार के शेवा को अधिक फलदायी मानता था। उन्होंने भगवत गीता, रामायण और गुरुवाणी भी सीखी।

उनकी अद्वितीय सेवाओं और प्रबुद्ध आत्मा के कारण, संत राज राम ने शादनी गद्दी को 1932 में दे दिया।
शादानी दरबार का संचालन अपने पूर्ववर्तियों के अनुसार प्रथाओं और दिशानिर्देशों के अनुसार किया गया। न केवल उसकी, बल्कि वह, जो कि धार्मिक शिक्षा में एक विद्वान व्यक्ति है, अभी भी दैनिक दिनचर्या में धार्मिक व्याख्यान देने में अपनी रुचि को आगे बढ़ाता है और इस तरह, उसके दिनों में अनुयायियों की संख्या में अत्यधिक वृद्धि हुई।
3 अक्टूबर 1958 को, संत राजा राम साहिब भारत के लिए रवाना हुए और हरिद्वार, मथुरा और अमृतरस आदि का दौरा किया, उनके सैकड़ों शिष्यों ने प्रत्येक तीरथ में उनका स्वागत किया और अपने "दर्शन" से खुद को आध्यात्मिक रूप से समृद्ध बनाया।
संत राजा राम साहब ने बहुत ही पवित्र और सादा जीवन व्यतीत किया। उनकी हर क्रिया महज एक दिखावा या उनके अनुयायी थे। संत राजाराम के कुछ मार्मिक गुण यहां दिए गए हैं।

1.HOSPITALITY: -
शादानी दरबार की मुख्य विशेषता आतिथ्य था। संत राजाराम साहब के दिनों में तब तक भोजन शुरू नहीं किया जाता था, जब तक कि कोई मेहमान उनके साथ शामिल नहीं हो जाता। एक बार ऐसा हुआ कि उनके भोजन करने के लिए दरबार में कोई अतिथि नहीं था। समय बहुत देर हो चुकी थी। शवारादियों ने भोजन शुरू करने की अनुमति देने का अनुरोध किया, लेकिन संत राजाराम साहब ने उन्हें इंतजार करने के लिए कहा, आखिरकार, वह एक दुकान पर एक अतिथि से मिले जो अपने रिश्तेदारों को देखने के लिए आए थे। संत राजाराम साहब ने भोजन की शुरुआत उस अतिथि के दरबार में ले जाने के बाद की।, br>
संत राजाराम "भगवान शिव" के अवतार थे और हर शरीर उन्हें शिव का अवतार मानता था। वह हमेशा मुस्कुराता रहता था और बहुत धीरे-धीरे बोलता था। उन्होंने हृदय से गीता, ग्रन्थ साहिब और वेदांत के दर्शन सीखे। वह खुद एक प्रबुद्ध आत्मा थी, इसलिए वह सीखे हुए लोगों का सम्मान और सम्मान करती थी। 2.MERCY: -
संत राजाराम साहब बड़े दयालु द्रष्टा थे। वह दूसरों का दुःख नहीं देख सकता था। एक बार शादाब दरबार के एक शिष्य घोटकी के भाई गंगूराम थे, जिनका भतीजा नामदेव तब सात साल का था और कैंसर की चपेट में आ गया था। भाई गंगूराम ने कई डॉक्टरों से मुलाकात की लेकिन कोई भी व्यक्ति नामदेव का इलाज नहीं कर सका। वह अपने भतीजे के जीवन के बारे में बहुत चिंतित था। अंत में, उन्होंने शादानी दरबार में नामदेव को ले लिया और अपने सतगुरु के सामने रोने लगे और रोने लगे। उसकी आंखों से आंसू बार-बार गिर रहे थे। यह देखकर संत राजाराम साहब को सहानुभूति हुई। नामदेव दिन-ब-दिन बेहतर होते गए। कुछ ही दिनों में, वह पूरी तरह से ठीक हो गया और अपने घर वापस चला गया। नामदेव अभी जीवित हैं और घोटकी, सिंध में अपना कारोबार चला रहे हैं।

3. हिनदू - मुस्लिम भाई:
shadani sant ने हमेशा हिंदुओं और मुस्लिमों के विभिन्न संप्रदायों के बीच भाईचारे को बनाए रखने की कोशिश की है। यही कारण है कि आज भी सैकड़ों मुसलमान इस दरबार के अनुयायी हैं। वे शदाणी संतों का सम्मान करते हैं। आध्यात्मिक संतुष्टि के लिए थानेदार दरबार में आने वाले मुसलमानों के कई उदाहरण हैं।

एक बार सरदार ददन खान, लंड बलूच जनजाति के प्रमुख और एक महान राजनेता, अपने मुंशी कुंदनदास के साथ शादानी दरबार गए। वह जमीन पर बैठ गया और भीख माँग रहा था। संत राजाराम साहब एक बेटे के लिए, जिसने टोकरी से दो पाटा (मीठी बूंदें) निकालीं और उन्हें अपनी पत्नी को देने के लिए कहा। दादान खान के दो बेटे थे अहमद खान और नूर अहमद खान। हाल ही में नूर अहमद खान पाकिस्तान की संसद के सदस्य हैं। शादानी दरबार में दादन खान का इतना विश्वास था (यह स्पष्ट है कि विभाजन से पहले जब कांग्रेस और मुस्लिम लीग सिंध में आमने-सामने थे, संत राजाराम साहब) ने दादन खान को कांग्रेस में शामिल होने की सलाह दी थी। वह न केवल अपने आप में शामिल हो गया, बल्कि अपने पूरे समूह को कांग्रेस में ले आया। परिणामस्वरूप, उनमें से अधिकांश को विधायक के रूप में चुना गया और इस तरह पहला कांग्रेस मंत्रालय सिंध में अस्तित्व में आया। प्रमोशन की 4.FULFILLMENT: -
संत राजाराम साहब ने हमेशा इन शब्दों को उद्धृत किया। वह अपने वादे पर अडिग था।


“रघुकुल रीति सदा चलि आय
प्राण जाय पर वचन न जाय ”

एक बार जब वह अमृतरस में तीर्थ यात्रा पर थे, तो 23 फरवरी 1959 की सुबह 4 बजे संत राजाराम साहब ने अपने साथी को बताया कि उनके सतगुरु, स्वामी टेकलाललाल साहिब हज़ूरी ने अमरुतस में परमधाम के लिए अपना मृत्‍यु लोक छोड़ दिया है। इसी तरह वह भी ऐसा ही करना चाहता था। यह सुनकर सभी शिष्य ठिठक गए। वे रोने लगे और संत राजाराम साहब से विनती की कि उन्हें रास्ते में अकेला न छोड़ें। उन्होंने उसे यह भी याद दिलाया कि उसने जल्द ही वापस आने के लिए पंचायत को एक शब्द दिया था। संत राजाराम साहब ने कहा कि, हम प्रार्थना करते हैं कि हमारे जीवन को एक वर्ष से आगे बढ़ाएं और उन्हें हयात पिटाफि में वापस लाया जाए। तीन महीने के बाद, 13-3-1960 संत राजाराम ने फिर परमधाम के लिए छुट्टी की घोषणा की। इस घोषणा के बाद उनके करीबी अनुयायी भाई पंजूराम, भाई बहूराम के साथ आए और उनसे हाथ जोड़कर और आंखों में आंसू भरकर निवेदन किया। सतगुरु, मेरी बेटी और बेटे की शादियां 16 मार्च और 18 मार्च, 1960 को तय हैं। "अगर आप PARAMDHAM के लिए निकलते हैं, तो मैं उस विवाह समारोह को नहीं कर पाऊंगा। मुझ पर दया करें और कृपया अपने स्वयं के साथ जीआरटी विवाह करें। पवित्र हाथ। "दयालु संत ने उनके अनुरोध को स्वीकार कर लिया और ऐसा करने के लिए सहमत हो गए।

आखिरकार, संत राजाराम साहब ने 20-03-1960 को इस मृत्‍यु लोक को छोड़ दिया। (रात में १०.५५ बजे चैत्र मास, शुक्ल पक्ष, शादानी संवत २५२)। एक बहुत बड़े समारोह के बाद, हर साल पुण्यतिथि मनाई जाती है। भजन कीर्तन, प्रवचन और भंडारे बड़े पैमाने पर चल रहे हैं, हजारों अनुयायियों ने उनकी वर्षगांठ पर प्रार्थना की और उनसे प्रार्थना की। 

TNIS