राजनांदगांव : राज्य शासन की 5 डिसमिल से कम के भूखण्डों की खरीदी-बिक्री करने की नई नीतिके प्रभावशील होने के तत्काल बाद राजनांदगांव तहसील के ग्राम सिंघोला निवासी नसीब खान को पारिवारिक और सामाजिक दायित्व को पूरा करने में सुविधा होगी। उन्होंने मोतीपुर खार रामनगर राजनांदगांव स्थित दो अलग-अलग टुकड़ो में दो-दो डिसमिल के कुल 4 डिसमिल जमीन को बेचकर पारिवारिक जरूरतों को पूरा किया। नसीब खान ने बताया कि बेटी की शादी करने में आसानी होगी। खान जमीन बेचने के बाद मिले पैसे से मकान भी बनाना चाहते हैं। नसीब खान के लिए छत्तीसगढ़ सरकार का यह निर्णय बड़ी राहत से कम नहीं है।

उन्होंने बताया कि आवश्यकता पड़ने के बाद वे बहुत दिनों से मोतीपुर खार रामनगर स्थित कुल 23 डिसमिल जमीन में से दो-दो डिसमिल के दो छोटे-छोटे भूखण्डों को बेचने का प्रयास कर रहे थे। छत्तीसगढ़  शासन की पुरानी नीति के अनुसार पांच डिसमिल से कम जमीन की रजिस्ट्री नहीं हो पा रही थी। इसके कारण वे परेशानियों के दौर से गुजर रहे थे। मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल के नेतृत्व में छत्तीसगढ़  शासन के 29 दिसम्बर 2018 को पांच डिसमिल से कम के छोटे भूखण्डों की खरीदी-बिक्री पर रोक हटाने के निर्णय से उन्हें पारिवारिक जिम्मेदारी निभाने में मदद मिली।

   नसीब ने बताया कि राज्य शासन के निर्णय के बाद उसे चंद्रपुर महाराष्ट्र निवासी श्रीमती चंद्रिका बाई एवं मोतीपुर राजनांदगांव निवासी सीमा यादव के रूप में जमीन के लिए दो खरीददार मिल गए। इसके बाद जमीन सौदा एवं बिक्री होने के बाद जमीन की रजिस्ट्री भी हो गई।  उनके दो-दो डिसमिल के दो छोटे-छोटे भूखण्डों की बिक्री हो जाने से बड़ी समस्या का समाधान हुआ।

 नसीब खान ने बताया कि राज्य शासन का पांच डिसमिल से कम छोटे भूखण्डों की बिक्री का निर्णय छोटे किसानों और जरूरत मंदों के लिए अत्यंत मददगार निर्णय साबित होगा। उन्होंने छत्तीसगढ़ सरकार को इस जन हितैषी निर्णय के लिए ह्दय से धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि राज्य शासन का यह निर्णय उनके जैसे अनेक जरूरत मंद लोगों के लिए मददगार बनकर राहत पहुंचाएगा। 

चंद्रेश ठाकुर

 

28-Feb-2019

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