टिप्पणी
------- 
गम्भीर, वाकई गम्भीर
------------------
पूर्वी दिल्ली से भाजपा सांसद गौतम गंभीर ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को 50 लाख रुपए दिए हैं और पत्र लिख कर कहा है कि करोना वायरस से लड़ने में पूरा देश आपके साथ है।
यह वो ही गौतम गम्भीर हैं जिन्होंने दिल्ली दंगों के दौरान कहा था कि भड़काऊ भाषण देने वालों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए भले ही वो कपिल मिश्रा क्यों न हों। इस पर कुछ राष्ट्रभक्तों ने उन्हें ट्रोल किया था। हो सकता है कि अब भी करें। वो इस लिए कि उन्होंने ये फंड वाया मोदी या नड्डा के सीधा केजरीवाल को देने का राष्ट्र विरोधी काम किया है। फिर यह भी लिख दिया कि सारा देश आपके साथ है। अरे सारा देश तो मोदी जी के साथ है। राष्ट्रभक्त तो अभी तक ये ही नहीं पचा पा रहे हैं कि आधी से ज़्यादा दिल्ली केजरीवाल के साथ है। पर हमें गौतम गंभीर की इस खुली और ऊंची सोच की तारीफ करनी चाहिए। वह एक खिलाड़ी रहे हैं। खिलाड़ी टीम भावना से देश के लिए खेलता है, जबकि राजनीतिक नेता देश के नाम पर अपने लिए जनता को पेलता है। गम्भीर की तरह राजनीति से ऊपर उठ कर सद्भाव और सहयोग के तहत क़दम उठाने की उम्मीद हम दिल्ली के एक अन्य सांसद हंसराज हंस से भी करते हैं। क्योंकि वह मूलरूप से सूफ़ी गायक हैं। सूफ़ी विचारधारा धर्म और जाति के भेद को मिटा कर खुदा के इश्क़ में जीना सिखाती है। हंस गायन जैसे पवित्र सांस्कृतिक कर्म में लगे हैं, भेदभाव या दुर्भावना उनके लिए कोई मतलब ही नहीं रखती। उनसे भी गम्भीर जैसा कुछ करने की उम्मीद है।
संस्कृति कर्मी तो दिल्ली के एक और सांसद मनोज तिवारी भी हैं। वो भोजपुरी फिल्मों के एक्टर और गायक हैं। अगर ऐसे संकट के समय में वो भी राजनीतिक पूर्वाग्रहों और दुर्भावना से ऊपर उठ जाएं तो मज़ा ही आ जाए। लेखक -नवोदित ( वरिष्ठ पत्रकार हैं)

 

27-Mar-2020

Leave a Comment