एजेंसी 

चुनाव आयोग ने लाभ के पद मामले में दिल्ली में सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी (आप) के 20 विधायकों को अयोग्य घोषित किया है। आयोग अपनी रिपोर्ट राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को भेजेगा। अब सबकी नजरें राष्ट्रपति पर हैं, जो इस मामले पर अंतिम मुहर लगाएंगे।

वहीं, इस पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी आने लगी है। तृणमूल कांग्रेस प्रमुख व पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग के इस कदम की आलोचना की है और कहा है कि संवैधानिक निकाय का इस्तेमाल राजनीतिक प्रतिशोध के लिए नहीं किया जा सकता। मुख्यमंत्री ने ‘आप’ प्रमुख और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के साथ खड़े होने की भी बात कही है। उन्होंने कहा की केजरीवाल की सरकार गिराने की साजिश की जा रही है ।

शुक्रवार को किए एक ट्वीट में सुश्री बनर्जी ने लिखा ‘एक संवैधानिक निकाय को राजनीतिक प्रतिशोध के लिए इस्तेमाल नहीं किया जा सकता है। सम्मानित चुनाव आयोग की ओर से आप के 20 विधायकों का पक्ष सुनने का भी मौका नहीं दिया गया जो कि दुर्भाग्यपूर्ण है। ऐसा किया जाना प्राकृतिक न्यायिक सिद्धांत के खिलाफ है।’

20-Jan-2018

Leave a Comment